केशरवानी वैश्य सेवा समिति के दो दिवसीय सामूहिक विवाह एवं परिचय समारोह के पहले दिन चार जोड़ाें का रीति-रिवाज के साथ विवाह कराया गया। इसके अलावा एक दर्जन जोड़ों का पंजीकरण किया गया। इसके पूर्व हुई बैठक में नारी सशक्तीकरण पर समाज की महिला नेताओं ने बल दिया। समारोह में नगर और ग्रामीण क्षेत्र के पदाधिकारियों को प्रतीक चिह्न भेंटकर और सम्मानित किया।
समारोह में प्रदेश केशरवानी महिला सभा की अध्यक्ष बीना केशरवानी ने कहा कि महिलाओं को राजनीतिक, सामाजिक कार्याें में बढ़-चढ़कर हिस्सा लेना चाहिए।
उन्होंने कहा कि लड़कियों की शिक्षा में किसी प्रकार की कोताही नहीं करना चाहिए। शिक्षित लड़कियों से समाज विकास के पथ पर अग्रसर होता है।
उन्होंने कहा कि महिलाओं को केवल गृहणी न बनाएं। अन्य क्षेत्रों में जाने का अवसर प्रदान करते हुए सहयोग प्रदान करना चाहिए। महामंत्री मधू केशरवानी, उपाध्यक्ष स्नेहलता गुप्ता, संगठन मंत्री ऊषा केशरवानी, मंत्री सरिता गुप्ता ने भी अपने-अपने विचार व्यक्त किए हैं। नगर महिला सभा की ज्योति केशरवानी और बेबी केशरवानी आदि महिलाओं ने स्वागत किया है। परिचय समारोह में शादी के इच्छुक वर-वधुओं और दोनाें का एक दूसरे से परिचय कराया गया और शादी के लिए सहमति ली गई है। इसके बाद करीब सात बजे जयमाल एवं सांस्कृतिक कार्यक्रम हुए। रामलाल केशरवानी की खुशबू केशरवानी, जयप्रकाश की ज्योति, मक्खनलाल की मीना केशरवानी और मनीष की गिरिजा केशरवानी के साथ शादी हुई। लोगों ने अगिभन को साक्षी मानकर सात फेरे लेकर एक दूसरे को जीवन साथी बनाया। कार्यक्रम के संयोजक ज्ञानेंद्र केशरवानी, सुभाष केशरवानी, राजू, राजकुमार, जयप्रकाश, उमेशचंद्र केशरवानी और पन्नालाल केशरवानी ने सभी आगंतुकों का स्वागत किया है।