फतेहपुर। जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के तत्वाधान में दीवानी न्यायालय परिसर में मेगा लोक अदालत का आयोजन किया गया। जिसका शुभारंभ जनपद न्यायाधीश शुभेंद्र कुमार सक्सेना ने दीप प्रज्जवलित करके किया। लोक अदालत के माध्यम से लंबे अरसे से चल रहे वादों का निस्तारण किया गया। लोक अदालत में दीवानी, फौजदारी और बैंक लोन से लेकर उत्तराधिकार तक के वादों का निस्तारण विभिन्न न्यायिक अधिकारियों द्वारा किया गया। मेगा लोक अदालत में अपर जिला जज रमेश सिंह ने एक मोटर वाहन दुर्घटना एवं प्रतिकर का वाद निस्तारित कर 30 हजार रुपए प्रतिकर के रुप में दिलाए। इसके अतिरिक्त मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट पवन कुमार तिवारी द्वारा सर्वाधिक 179 आपराधिक वादाें का निस्तारण कर 21 हजार रुपए अर्थदंड वसूल किए गए। इस क्रम में अपर सीजेएम अशोक कुमार द्वारा आधा दर्जन आपराधिक वादाें का निस्तारण कर 10 हजार रुपए अर्थदंड वसूल किया गया। राजेश्वरी टोलिया अपर सीजेएम ने तीन आपराधिक वाद निस्तारित किए गए। ब्रजेश कुमार सिंह न्यायिक मजिस्ट्रेट ने 29 आपराधिक वादाें का निस्तारण किया। सिविल जज खागा सुरेंद्र प्रताप यादव ने भी 59 आपराधिक वाद निस्तारित किए। बैंक आफ बड़ौदा फतेहपुर द्वारा प्रीलीटीगेशन के आधार पर बैंक लोन के 77 वादों में 48 लाख 51 हजार में समझौता कर 2 लाख 90 हजार रुपए ऋण के रुप में जमा कराए गए। इस प्रकार मेगा लोक अदालत में दीवानी का एक, मोटर वाहन दुर्घटना एवं प्रतिकर का एक, उत्तराधिकार अधिनियम के 06 एवं आपराधिक के 280 वादाें को मिलाकर 365 वादाें को निस्तारण कियास गया। जिसमें मोटर वाहन दुर्घटना एवं प्रतिकर के वादो में 30 हजार रुपए प्रतिकर के रुप में दिलाए गए और फौजदारी वादो में 62 हजार 715 अर्थदंड के रुप में जमा कराए गए। लोक अदालत के समापन पर जिला जज ने समस्त न्यायिक अधिकारियाें और अधिवक्ताओं का आभार व्यक्त किया।