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प्राथमिक शिक्षक संघ ने रुकवाया जूता-मोजा बंटना

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प्राथमिक शिक्षक संघ ने रुकवाया जूता-मोजा बांटना
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फतेहपुर। बच्चों को यूनिफार्म बांटने में जूता-मोजा जरूरी होने का प्राथमिक शिक्षक संघ ने विरोध कर दिया है। इन्होंने जूता-मोजा वितरण रुकवा दिया है। संघ के नेताओं ने कहा कि जब इसके लिए अलग से बजट मिलेगा, तभी वितरण होगा। अभी 400 रुपये में केवल दो सेट यूनिफार्म ही दे पाने में दिक्कत हो रही है। इसी रकम में जूता-मोजा थोपना उचित नहीं है। संघ की इस अपील से विभाग में माहौल गर्म हो गया है।

सर्व शिक्षा से परिषदीय, सहायता प्राप्त, राजकीय स्कूलों में कक्षा एक से आठ तक पढ़ने वाली समस्त छात्राओं, अनुसूचित जाति और बीपीएल परिवारों के बच्चों को हर साल यूनिफार्म बांटने का प्रावधान है। प्रत्येक बच्चे को दो सेट यूनिफार्म स्कूल से दी जाती है।
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सर्व शिक्षा से यूनिफार्म बांटने के लिए 75 प्रतिशत अग्रिम 300 रुपये के हिसाब से बजट आवंटित किया जाता है। बढ़ती महंगाई में शिक्षक पहले से ही यूनिफार्म बांटने में आनाकानी करते रहे हैं। अधिकारी समझा बुझाकर यूनिफार्म वितरण करा लेते हैं। प्रदेश में सत्ता बदलते ही बच्चों को यूनिफार्म के साथ जूता, मोजा बांटने के आदेश दिए गए हैं। बजट की कोई व्यवस्था नहीं की गई है।

ऐसे में शिक्षकों में आदेश के पालन को लेकर असमंजस है। यूनिफार्म बांटने में ही शिक्षकों की जेब से कुछ न कुछ खर्च होता रहा है।
इस पर बीएसए शिवेंद्र प्रताप सिंह का कहना है कि जूता मोजा के लिए प्रदेश सरकार अलग से बजट मुहैया कराएगी। यूनिफार्म में बड़ा हिस्सा केंद्र सरकार का होता है। यही कारण है कि यूनिफार्म का बजट आ गया है। जूता मोजा का बजट बाद में आएगा।
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- बोले, अलग से बजट मिलेगा तभी होगा वितरण

बजट आने पर बांटेंगे जूता मोजा
शिक्षक वेतन से किसी तरह अपना और परिवार का जीविकोपार्जन करते हैं। ऐसे में स्कूली बच्चों का खर्च कहां से उठाएंगे। शिक्षक बजट आने पर ही यूनिफार्म और जूता मोजा बांटें। बजट के पहले अगर कोई वितरण के लिए दबाव बनाता है, तो संघ से इसकी शिकायत करें।
राजेंद्र सिंह, अध्यक्ष प्राथमिक शिक्षक संघ
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