अमर उजाला ब्यूरो
फतेहपुर। बोर्ड परीक्षा-2018 में भी छात्राओं को स्वकेंद्र की सुविधा मिलेगी। इसके लिए अपर मुख्य सचिव संजय अग्रवाल ने निर्देश जारी किए हैं। परीक्षा केंद्र तय करने के लिए जिला स्तरीय छह सदस्यीय समिति गठित करने की गाइड लाइन जारी की है। केंद्रों का निर्धारण संसाधनों के आधार पर मिलने वाले नंबरों से किया जाना है।
नई व्यवस्था में गिने चुने ही वित्तविहीन माध्यमिक स्कूल परीक्षा केंद्र बन पाएंगे, क्योंकि संसाधनों की उपलब्धता को सौ अंकों में बांटा गया है। इन संसाधनों में पक्की छत वाले कक्षों की संख्या, फर्नीचर के आधार पर परीक्षार्थियों के बैठने की क्षमता, केंद्र के चारों ओर मजबूत बाउंड्री, प्रश्नपत्रों की सुरक्षित रखने की व्यवस्था, अग्निशमन यंत्र, पक्का संपर्क मार्ग, बिजली कनेक्शन, जनरेटर की व्यवस्था, शुद्ध पीने के पानी की व्यवस्था, स्कूल में कंप्यूटर और आपरेटर, पिछली परीक्षा में केंद्र के साथ परीक्षा फल का प्रतिशत के आधार पर अंक दिए जाने हैं।
ऐसे में राजकीय और एडेड स्कूल ही परीक्षा केंद्र बनने का मानक पूरा कर पाएंगे। गिने-चुने वित्तविहीन स्कूलों को ही परीक्षा केंद्र बनने का मौका मिलेगा। खास बात यह है कि परीक्षा केंद्र का मानक न पूरा करने वाले स्कूलों की छात्राओं का परीक्षा केंद्र बनाने की अधिकतम दूरी पांच किमी तय की गई है।
माध्यमिक शिक्षा परिषद तय परीक्षा केंद्रों में परीक्षार्थियों का आवंटन कर सत्यापन के लिए माध्यमिक शिक्षा विभाग को देगा। अगर किसी स्कूल के बच्चों का मानकविहीन परीक्षा केंद्र बना है तो विभाग के पास संशोधन करने का अधिकार होगा।
विभाग से जारी परीक्षा केंद्रों की सूची को सत्यापन करने के लिए डीएम की अध्यक्षता में समिति होगी। इसमें डीआईओएस सचिव तथा बीएसए, एसडीएम और एक-एक ग्रामीण तथा शहरी क्षेत्र के वरिष्ठ प्रधानाचार्य सदस्य होंगे। प्रभारी डीआईओएस शिवेंद्र प्रताप सिंह ने बताया कि केंद्र निर्धारण नीति के तहत इस बार ज्यादातर परीक्षा केंद्र राजकीय और एडेड माध्यमिक स्कूल ही परीक्षा केंद्र बन पाएंगे। गिने चुने वित्तविहीन स्कूल ही परीक्षा केंद्र बन सकेंगे।
इनसेट:
संदिग्ध प्रधानाचार्य नहीं बनेंगे केंद्र व्यवस्थापक
पिछली बोर्ड परीक्षाओं में संदिग्ध कार्यशैली वाले परीक्षा केंद्रों के प्रधानाचार्य को केंद्र व्यवस्थापक नहीं बनाया जाएगा। इनके स्थान पर राजकीय माध्यमिक स्कूलों के स्वच्छ छवि वाले शिक्षकों को केंद्र व्यवस्थापक बनाया जाएगा।
1172 परीक्षार्थी बढ़े
पिछले साल से इस बार बोर्ड परीक्षा में 1172 परीक्षार्थी अधिक पंजीकृत हैं। इस बार हाईस्कूल संस्थागत में 40437 तथा इंटरमीडिएट में 29370 परीक्षार्थी पंजीकृत हैं। हाईस्कूल में व्यक्तिगत 1324 तथा इंटरमीडिएट के 2029 परीक्षार्थी पंजीकृत हैं। इस बार बोर्ड परीक्षा में परीक्षार्थियों की संख्या 73160 होगी। बोर्ड परीक्षा 2017 में यह संख्या 71988 थी।
मानक पर खरे विद्यालय ही बनेंगे परीक्षा केंद्र
पांच किमी से दूर नहीं बनाया जा सकेगा छात्राओं का परीक्षा केंद्र
परीक्षा केंद्रों के सत्यापन को डीएम की अध्यक्षता में बनेगी समिति