कमालगंज। घर के कमरे में महिला ने साड़ी का फंदा बनाकर आत्महत्या कर दी। दरवाजा खोलकर कमरे में घुसे परिजनों ने शव लटका देखा तो बेहाल हो गए। रात में ही पहुंची पुलिस शव को अस्पताल लेकर पहुंची। सुबह मायके वालों ने पहुंचकर हंगामा किया।
थाना क्षेत्र के गांव शृंगीरामपुर निवासी गौरव तिवारी खेती करता है। उसका विवाह आठ वर्ष पूर्व हरदोई जिला के शाहाबाद निवासी विनोद दीक्षित की पुत्री रश्मि (30) के साथ हुआ था। गुरुवार रात करीब 10:30 बजे गौरव खाना खाने के बाद बच्चों के साथ आंगन में बैठा था। रश्मि कमरे में थी। पुत्री आंशी मां के पास गई, तो कमरे के दरवाजे बंद थे।
गौरव ने पहुंचकर धक्का लगा कर दरवाजा खोला। कमरे में पंखे में बंधे साड़ी के फंदे पर रश्मि लटकी मिली। उसे लटका देख गौरव चिल्लाने लगा। परिजन पहुंच गए। रश्मि को नीचे उतारा। तब तक उसकी मौत हो चुकी थी। घटना की सूचना खुदागंज चौकी प्रभारी दीपक भाटी को दी गई।
थानाध्यक्ष राजेश राय व दीपक भाटी ने पहुंचकर जांच की। रात करीब 2 बजे पुलिस रश्मि के शव को लेकर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पहुंची। रात में ही गौरव ने घटना की सूचना ससुर विनोद को फोन पर दे दी। बताया गया कि रश्मि के दो पुत्री आंशी व माही है। शुक्रवार सुबह करीब 9:30 बजे सीएचसी पहुंचे मायके वालों ने रश्मि की मौत पर सवाल उठाकर हंगामा किया।
भाई रामजी ने बहन रश्मि की मौत पर शक जताया। इस पर चौकी प्रभारी दीपक भाटी ने पंचनामा भरकर शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। शाम को पोस्टमार्टम होने के बाद दोनों पक्षों में विवाद हुआ। इसके बाद परिजनों ने पांचाल घाट पर अंतिम संस्कार कर दिया।