फर्रुखाबाद। सीएमओ कार्यालय में मंगलवार को विजिलेंस टीम ने छापा डाला। स्टोर से खरीद, टेंडर व भुगतान संबंधी अभिलेख मंगाकर खंगाले।
करीब एक घंटे की छानबीन और पूछताछ के बाद टीम वापस चली गई। विधायक की शिकायत पर स्वास्थ्य विभाग में भ्रष्टाचार की जांच शासन से कराई जा रही है।
हरदोई के विधायक कुंवर माधवेंद्र सिंह रानू ने स्वास्थ्य विभाग में भ्रष्टाचार की 10 बिंदुओं पर विधानसभा में शिकायत की थी। इससे पहले जिले के एमएलसी प्रांशु दत्त द्विवेदी ने भी स्वास्थ्य विभाग में चल रहे भ्रष्टाचार की शिकायत शासन से की थी।
स्टोर से लाखों रुपये से हो रही मनमानी खरीद, सामग्री का बाजार मूल्य से कई गुना अधिक भुगतान, टेंडर प्रक्रिया में अनियमितता, विभाग में मनमाने के तरीके से ट्रांसफर-पोस्टिंग में खेल का मुद्दा उठाया गया था।
इसके अलावा एसीएमओ स्टोर के पद पर डिप्टी सीएमओ को चार्ज देने का मामला भी उठाया गया। इस मामले में शासन से अपर निदेशक स्वास्थ्य कानपुर मंडल को जांच सौंपने के साथ विजिलेंस जांच भी कराई जा रही है। गत माह अपर निदेशक ने सीएमओ से सभी पत्रावलियां मंगवाकर जांच भी की थी।
मंगलवार तीन सदस्यीय विजिलेंस टीम सीएमओ कार्यालय पहुंची। टीम के निरीक्षक ने स्टोर से टेंडर, खरीद व भुगतान संबंधी पत्रावलियां मंगवाकर देखीं। करीब एक घंटे तक अभिलेख खंगाले गए।
इस दौरान सीएमओ डॉ.अवनींद्र कुमार, स्टोर प्रभारी डिप्टी सीएमओ डॉ.आरसी माथुर से पूछताछ की। टीम ने निजी अस्पतालों के नवीनीकरण संबंधी जानकारी भी ली। इसी बीच एसीएमओ डॉ.रंजन गौतम भी वहां मौजूद रहे। हालांकि विजिलेंस टीम ने बताया कि यह गोपनीय जांच है।
फर्मों से खरीद की पत्रावली ढूंढ रहे थे
स्टोर प्रभारी डिप्टी सीएमओ डॉ.आरसी माथुर ने बताया कि विजिलेंस टीम ने खरीद संबंधी कुछ अभिलेख देखे थे। कानपुर के निलंबित सीएमओ से संबंधित मामले में कुछ फर्मों से खरीद की पत्रावली ढूंढ रहे थे। हालांकि कानपुर की उस फार्म से जिले में कोई खरीद नहीं की गई है। पूछताछ के बाद टीम चली गई।