फर्रुखाबाद में चौक पर पथराव करने वालों पर लाठीचार्ज करते पुलिस कर्मी।
- फोटो : FARRUKHABAD
शहर के टाउन हाल पर शुक्रवार को ज्ञापन देने के लिए मुस्लिम नेताओं के बुलाने पर पहुंचे लोगों को जमावड़ा लगता रहा और पुलिस को इसकी भनक तक नहीं लगी। पुलिस को पता ही नहीं चला कि वहां क्या तैयारी चल रही है। वहां पर उपद्रवियों ने उन्माद फैलाने के लिए युवाओं का भड़काया। पथराव में छोटे बच्चे भी शामिल हो गए। बच्चों को पुलिस पर पथराव करते देख कुछ संभ्रांत लोगों ने उनके हाथ से पत्थर छीन लिए और हिदायत दी।
शुक्रवार को जुमेेे की नमाज के बाद नागरिकता संशोधन कानून के विरोध में मुस्लिम नेताओं ने टाउन हाल पर एकत्र होकर ज्ञापन देने की तैयारी की थी। इसको लेकर वहां पुलिस फोर्स भी तैनात किया गया था। लोगों की भीड़ वहां एकत्र होती रही और खुफिया विभाग के जवान इससे अंजान बने रहे।
किसी ने अधिकारियों को नहीं बताया की एकत्र भीड़ वहां पर क्या योजना बना रही है। वहां बच्चों व युवाओं को उन्माद फैलाने के लिए उकसाया गया और कानून के बारे में अफवाह फैलाकर गुमराह किया गया। वहां से भीड़ नारेबाजी करते हुए जामा मस्जिद के पास तक आई। पुलिस को देखकर युवाओं ने गालीगलौज किया और अचानक पथराव होने लगा।
पथराव में छोटे बच्चे भी शामिल थे। कुछ लोगों ने इस दौरान भी सौहार्द न बिगड़े इसके लिए बच्चों के हाथ से पत्थर छीने और हिदायत दी कि वह पथराव न करें। कोतवाल देवेंद्र दुबे अकेले ही जामा मस्जिद के अंदर घुस गए और पेश इमाम मुफ्ती मोअज्जम अली ने लोगों को शांत रहने की अपील की। पुलिस कर्मियों को भी अकारण मारपीट न करने की हिदायत दी गई।