गल्ला मंड़ी चौराहे पर लगा अतिक्रमण।
- फोटो : अमर उजाला
डीजीपी के फरमान पर नगर में एक माह तक चलने वाला अतिक्रमण हटाओ अभियान सिर्फ तीन दिन ही चल पाया। इसके पीछे कारण कोई भी रहा हो लेकिन इतना जरूर हुआ कि तहसील परिसर के बाहर लगे वकीलों के बिस्तर हट गए। हां मुसिंफ कोर्ट के बाहर लगे वकीलों के बिस्तर नहीं हटे और न वहां पर खडे़ होने वाले चाट- पकौड़ी के ठेले हटाए गए। यही नहीं नगर के पुल गालिब तिराहे पर दुकानदारों व ठेली वालों ने दोबारा से दुकानें सजाकर अतिक्रमण कर लिया।
वहीं मुख्य चौराहे व गल्ला मंडी पर भी अतिक्रमण हो गया है। नगर के गांजा भंाग वाली गली में मिठाई दुकानदारों ने तो फुटपाथ तक पर अतिक्रमण कर लिया है। बजरिया में भी दुकानदारों ने फुटपाथ तक दुकानें लगा ली हैं। नगर के सीपी तिराहा, ट्रांसपोर्ट चौराहा, रेलवे रोड पर दुकानदारों ने फुटपाथ को घेरकर दुकान का सामान रख रखा है। ठेला दुकानदार भी फुटपाथ घेरकर अतिक्रमण किए हैं।
बोले जिम्मेदार
एसडीएम अजीत कुमार सिंह ने बताया कि जिन लोगों ने दोबारा अतिक्रमण किया है। उनके खिलाफ छापामार कार्रवाई कराकर सुसंगत धाराओं में रिपोर्ट दर्ज कराकर जुर्माना लगाया जाएगा। वहीं सीओ प्रकाश कुमार ने बताया कि अतिक्रमण विरोधी अभियान के दौरान वीडियो रिकार्डिंग कराई गई थी। अतिक्रमण करने वालों पर मुकदमा व जुर्माना दोनों की कार्रवाई की जाएगी।