गोबर उठाते समय कच्ची दीवार गिरने से मलबे में किशोरी दब गई। ग्रामीणों ने मलबे से किशोरी को बाहर निकाला। एंबुलेंस के न पहुंचने पर उसे बैलगाड़ी से लोहिया अस्पताल लेकर आए। वहां डाक्टरों ने मृत घोषित कर दिया। पुलिस को सूचना दिए बगैर ही शव का अंतिम संस्कार कर दिया गया।
थाना मऊदरवाजा के गांव गौरी की मड़ैया कटरी भीमपुर निवासी सीमा (16) पुत्री जगदीश राजपूत बुधवार सुबह छप्पर के नीचे गोबर को एकत्रित कर रही थी। इस बीच उसकी कच्ची दीवार छप्पर समेत भरभरा कर सीमा के ऊपर गिर पड़ी। दीवार के मलबे में सीमा दब गई। तेज आवाज होने पर ग्रामीणों ने सीमा को मलबे से बाहर निकाला। इस दौरान गांव वालों ने इसकी सूचना एंबुलेंस को दी। इसके बाद भी एंबुलेंस मौके पर नहीं पहुंची।
सीमा के ताऊ जगदीश राजपूत बैलगाड़ी से लेकर उसे लोहिया अस्पताल पहुंचे। यहां पर डॉक्टर ने सीमा को मृत घोषित कर दिया। मौत की खबर पर परिजनों में चीत्कार मच गया। परिवार के लोग शव को लेकर वापस चले गए। परिजनों ने शव का अंतिम संस्कार कर दिया।
परिवार वालों ने बताया कि सीमा के पिता जगदीश की छह साल पहले सांप के काटने से मौत हो चुकी है। सीमा अपने दो भाई करन व अतुल से बड़ी थी। गांव के लोगों का कहना था कि बरसात का पानी गांव में भरा हुआ है। इससे कच्चे मकान में रहने वाले सहमे हैं। बेटी के शव को देखकर मां मायादेवी का रो रोकर बुरा हाल हो गया। उधर, मऊदरवाजा थाना प्रभारी दधिबल तिवारी ने बताया कि इसकी कोई सूचना नहीं दी गई और न ही कोई जानकारी मिली।