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बरोना मरम्मत के दिल्ली रोड पर दौड़ रही रोडवेज बसें

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रोडवेज वर्कशॉप में खड़ी खराब बस। संवाद - फोटो : FARRUKHABAD
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फर्रुखाबाद। फतेहगढ़ स्थित रोडवेज की कार्यशाला में खराब बसों की मरम्मत में लापरवाही बरती जा रही है। बिना मरम्मत सड़कों पर दौड़ रहीं बसें यात्रियों की जान जोखिम में डाल रही हैं। दिल्ली रूट की एक बस का स्टीयरिंग चार दिन से जाम हो रहा है।
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चालकों ने डिफेक्ट बुक पर बस की इस खराबी को अंकित भी किया। इसके बावजूद अलग-अलग चालकों को सौंप कर यह बस चलवाई जा रही है। इससे दुर्घटना होने की आशंका चालकों को सता रही है।
मरम्मत में लापरवाही का ही नतीजा है कि बसें रास्ते में खराब हो जाती हैं। नौ जून को चालक अखिलेश सिंह को बस संख्या यूपी 76के/7546 दिल्ली जाने के लिए दी गई। चालक ने लौटकर 10 जून को कार्यशाला की डिफेक्ट बुक में लिखा कि बस की स्टेयरिंग बीच-बीच में छूट रही है। बस के दो और तीन नंबर गियर अपने आप निकल जाते हैं।
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इसके बाद भी बिना मरम्मत के ही जवाब बनाकर वही बस शाम को चालक सुभाष चंद्र को दे दी गई। चालक ने दिल्ली से 11 जून को वापस आने पर डिफेक्ट बुक में लिखा कि बस की स्टीयरिंग बिल्कुल जाम है। गाड़ी मार्ग पर जाने योग्य नहीं है। कोई चालक बिना कार्य कराए बस न ले जाए। यदि कोई दुर्घटना होती है, तो वर्कशाप कार्यालय जिम्मेदार होगा। बस में चार शीशे भी कम हैं।
चालक के इतना लिखने के बावजूद कार्यशाला के जिम्मेदारों ने उसी बस को चालक अनुभव दीक्षित के हवाले कर दिया। चालक बस दिल्ली लेकर गया। उसने बताया कि बस को बमुश्किल छह घंटे देरी से लेकर यहां पहुंचे हैं। बस की स्टीयरिंग जाम होने के साथ दो गियर भी फंस रहे हैं। कार्यशाला की लापरवाही के चलते कभी बड़ी दुर्घटना हो सकती है।
आगरा रूट पर धक्का-परेड बस
आगरा रूट पर चल रही बस संख्या यूपी 76के/5916 के चालक इंद्रपाल सिंह ने 10 जून को डिफेक्ट बुक में लिखा कि वाहन धक्का-परेड है। वाहन की स्टीयरिंग चिपक रही है। इस बस में भी काम नहीं किया गया।
कुछ दिन पहले ही स्टेयरिंग सही किया गया था। चालक की लापरवाही से दिक्कत आती है। पूरी कोशिश है कि कोई भी गाड़ी खराब हालत में न जाए। रही बात दिल्ली रूट की बस की, तो वह बिना मरम्मत नहीं जाने देंगे।
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-अक्षय टांगरी, सीनियर फोरमैन, कार्यशाला फतेहगढ़।
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