मरीज लालमन द्वारा बनवाया गया पर्चा।
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शमसाबाद। पेट दर्द होने पर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में दवा लेने गए मरीज की प्रभारी चिकित्साधीक्षक से जमकर नोकझोंक हो गई। सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंच गई लेकिन इसके बाद भी प्रभारी चिकित्साधीक्षक ने मरीज को भर्ती नहीं किया। पीड़ित ने जिलाधिकारी और सीएमओ से शिकायत करने की बात कही।
कसबे के मोहल्ला मीरा दरवाजा निवासी लालमन यादव के पेट में शुक्रवार को अचानक दर्द उठा। लालमन के मुताबिक वह सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र दवा लेने गया। उसने पर्चा बनवाया और फिर प्रभारी चिकित्साधीक्षक डॉ. धनसिंह को दिखाने के लिए गया। लालमन यादव का आरोप है कि चिकित्साधीक्षक ने उनका पर्चा फेंक दिया और कहा कि शराब पीकर आए हो।
इसी बात पर लालमन यादव और प्रभारी चिकित्साधीक्षक के बीच नोकझोंक होने लगी। मामला बढ़ने पर प्रभारी चिकित्साधीक्षक ने पुलिस को सूचना दी। पुलिस मौके पर पहुंची और दोनों पक्षों को जैसे-तैसे शांत कराया। हालांकि इसके बावजूद प्रभारी चिकित्साधीक्षक ने लालमन को नहीं देखा। इस पर लालमन ने कसबे के एक क्लीनिक पर जाकर दवा ली। लालमन का कहना था कि प्रभारी चिकित्साधीक्षक आए दिन किसी न किसी मरीज से इसी तरह अभद्रता करते हैं।
पर्चा बनवाने के बावजूद उन्होंने उसे नहीं देखा। प्रभारी चिकित्साधीक्षक डॉ. धनसिंह ने बताया कि अभद्रता का आरोप गलत है। लालमन का नर्सिंग होम में इलाज चल रहा है। उनकी रिपोर्ट में शराब के सेवन से पेट दर्द की शिकायत लिखी थी। यही बात उन्होंने लालमन को बताई तो वह भड़क गए।