अमृतपुर मेें नाव के सहारे गांव से बाहर जाते ग्रामीण।
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फर्रुखाबाद। गंगा और रामगंगा का जलस्तर कम होने से ग्रामीण इलाकों की दुश्वारियां कम नहीं हुई है। कटान तेज होने से किसानों के खेत कट गए है और गांवों का कटान भी तेज हो गया है। दोनों नदियों में लगातार पानी छोड़े जाने के कारण ग्रामीणों को दोबारा से जलस्तर बढ़ने का भय सता रहा है।
गंगा और रामगंगा के जलस्तर में कमी हो गई है। गंगा का जलस्तर 136.90 मीटर से घटकर 136.70 मीटर पर हो गया है। इसमें नरौरा से 136168 क्यूसेक पानी छोड़ा गया। यही हाल रामगंगा का है। इसका जलस्तर पांच सेंटीमीटर कम होकर 135.40 से 135.35 मीटर पर आ गया है।
इसमें खो, हरेली, रामनगर से 6802 क्यूसेक पानी छोड़ा गया है। जलस्तर कम होने के बाद भी ग्रामीणों को राहत नहीं मिली है। गांवों का कटान तेज हो गया है। ग्रामीणों के खेत करने के साथ रास्ता भी कटने लगा है। इस कारण आवागमन भी प्रभावित हो रहा है।