फर्रुखाबाद। शहर में सरस्वती रामलीला मंडल की ओर से रेलवे रोड से भगवान राम की बरात निकाली गई। 42 झांकियाें ने मनमोह लिया। जयश्रीराम के नारों से शहर गूंजता रहा। काली के अखाड़ों में कलाकारों ने हैरतअंगेज करतब दिखाए। नेहरू रोड को झालरों से सजाया गया।
सरस्वती भवन में गणेश, भगवान राम के पूजन के साथ बरात का शुभारंभ हुआ। सबसे आगे एटा से आया घोड़ा ताज चल रहा था। उसके पीछे श्रीगणेश, मां सरस्वती, खाटूश्याम, शंकर-पार्वती, बाबा नीमकरोरी, तुलसी-शालिग्राम, विष्णु-लक्ष्मी, काली, बटुक भैरव, बाल कृष्ण, गोविंद, द्वारका धीश, चंद्रदेव, गंगा, पशुराम, दुर्गा, दशरथ और चारों भाइयों श्रीराम-लक्ष्मण-भरत-शत्रुघ्न समेत 42 झांकियों ने मन मोह लिया। महाराष्ट्र, आगरा, कासगंज के बैंड, इलाहाबाद की चौकी, चंदौसी के ढोल की धुन पर बराती झूमते दिखे। जगह-जगह पुष्प वर्षा कर बरात का स्वागत किया गया।
बरात चौक से घुमना, साहबगंज चौराहा, नाला मछरट्टा, गुदड़ी, पक्कापुल, किराना बाजार, चौक होकर सरस्वती भवन पर समापन हुआ। काली के अखाड़े में शामिल कलाकारों ने हैरत करने वाले करतब दिखाए। शोभायात्रा में संरक्षक मिथलेश अग्रवाल, अध्यक्ष लालजी टंडन, मंत्री दीपक सक्सेना, धीरज सारस्वत, विवेक मिश्रा, राकेश सारस्वत, कृष्णा वर्मा, उज्ज्वल सक्सेना, विजय दुबे मटरलाल, शैलेश खंडेलवाल, जितेंद्र सिंह आदि व्यवस्था में रहे।