नवाबगंज। कस्बे में बीती रात पुलिस को 4.30 लाख रुपये की लूट सूचना मिली। पुलिस बल मौके पर पहुंचा, लेकिन जांच के बाद मामला लूट का नहीं बल्कि मारपीट का निकला। इस पर इंस्पेक्टर ने फटकार लगाकर दोनों पक्षों में समझौता करवा दिया।
गल्ला आढ़ती रजनीश राठौर की दुकान मंझना रोड पर है। वह पूजा करके घर लौट रहे थे। रास्ते में उनकी मुलाकात धान व्यापारी राजू गुप्ता से हुई। बातचीत के दौरान चिरौंजी सेठ वाली गली निवासी सुरजीत राठौर मौके पर पहुंचा और रजनीश से गाली-गलौज करने लगा।
थोड़ी ही देर में सुरजीत के परिजन भी आ गए। सभी ने रजनीश के साथ मारपीट कर दी। रजनीश ने पुलिस को सूचना दी कि मारपीट के दौरान उससे 4.30 लाख रुपये से भरा झोला लूट लिया गया है।
इसकी सूचना मिलते ही वरिष्ठ उपनिरीक्षक, कस्बा इंचार्ज गीतम सिंह व गिरीश कुमार पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस दोनों पक्षों को थाने ले आई। पूछताछ में खुलासा हुआ कि लूट की कहानी झूठी थी। मौके पर मारपीट हुई थी। इस पर प्रभारी निरीक्षक अवध नारायण पांडे ने दोनों पक्षों को जमकर डांटा। कस्बे के व्यापारी नेताओं की मौजूदगी में आपसी सुलह कराई।
प्रभारी निरीक्षक अवध नारायण पांडे ने बताया कि दोनों पक्षों ने लिखित समझौता कर लिया है। रुपये लूट की सूचना गलत पाई गई। चेतावनी देकर मामले को शांत करा दिया गया है।