फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Farrukhabad News: कुंभ मेले में टेंट दिलाने के नाम पर हो रही ऑनलाइन ठगी

विज्ञापन
विज्ञापन
फर्रुखाबाद। आस्था के महाकुंभ में श्रद्धालुओं की भावनाओं को भुनाने का काम फर्जी वेबसाइट बना कर किया जा रहा है। इसमें कुंभ के दौरान वहां ठहरने के लिए टेंट मुहैया कराने का झांसा देकर स्थानीय लोगों को ठगी का शिकार बनाया जा रहा है। पर्यटन विभाग ने पुलिस की साइबर सेल को ऐसी फर्जी वेबसाइटों पर अंकुश लगाने की सिफारिश की है।
विज्ञापन


इस झांसे में आकर कई श्रद्धालु कुंभ में एडवांस बुकिंग के नाम पर अपनी गाढ़ी कमाई गवां रहे हैं।
शहर में पांचाल घाट इलाके में रहने वाली सावित्री ने बताया कि उनके बेटे ने कुंभ में ठहरने के लिए वेबसाइट पर बुकिंग करवाई पैसे कट गए। टेंट हाउस बुकिंग की कोई डिटेल अबतक नहीं मिली है।
शहर के आवास विकास में रहने वाले कुशाग्र बताते हैं कि कुंभ मेले में ठहरने का उचित प्रबंध दिखाते हुए कई वेबसाइट लुभावने वादे कर रही हैं। मेरे द्वारा भी बुक करने का प्रयास किया गया लेकिन वेबसाइट संदिग्ध लगी तो बुकिंग नहीं की।
विज्ञापन

फर्जी वेबसाइट बनाने वाले गिरोह ने असली वेबसाइट से मिलती जुलती वेबसाइट बना रखी है। सर्च इंजन पर खोजते वक्त यह वेबसाइट सबसे पहले सर्वर पेज पर दिखाई पड़ती हैं। इसके चलते बुकिंग करने वाले लोग इन्ही वेबसाइटों पर सर्च कर रहे हैं। इन वेबसाइटों पर कुंभ मेला क्षेत्र में टेंट सिटी और टेंट हाउस की बुकिंग के लिए प्रतिदिन के हिसाब से रेट ऑफर किए जा रहे हैं।
दो हजार से लेकर पांच हजार तक प्रतिदिन के हिसाब से एडवांस जमा कराने की सिफारिश की जा रही है। इस वजह से लोग इस ठगी का शिकार हो रहे हैं।
यह हैं फर्जी वेबसाइट -
allahabadkumbhyatra.com
divinekumbhcamp.com
mahakumhyatra.com
epickumbhyatra.com
thekumbhyatra.com
mandawicampkumbh.com

यह हैं अधिकारिक वेबसाइट
kumbhvillage.com
kumbhcanvas.com
kumbhcampindia.com
aagmanindia.com

मिलती-जुलती वेबसाइट बनाकर फर्जीवाड़ा किया जाता है। स्थानीय लोग सचेत रहें। ऐसी किसी भी वेबसाइट पर जाकर भुगतान न करें। पर्यटन विभाग का पत्र अभी प्राप्त नहीं हुआ है फिर भी इस पर निगाह रखी जा रही है। ऐसी किसी भी घटना की सूचना तुरंत पुलिस की साइबर सेल को दें ताकि भेजी गई रकम को फ्रीज किया जा सके।
विज्ञापन

- आलोक प्रियदर्शी, पुलिस अधीक्षक
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें