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एक हजार जरूरतमंदों का मारा हक

Sun, 31 Jan 2016 12:03 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला,फर्रुखाबाद
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फर्रुखाबाद। समाजवादी पेंशन के लिए पात्राें की तलाश में लापरवाही बरती गई। ग्राम पंचायताें और नगर निकायों के वार्डों में फौरी बैठकें हुईं। खुली बैठकाें के जरिए पात्रों को तलाशने का काम अगस्त तक पूरा होना था, अभी तक नगर निकायों और देहात इलाकेे में 1000 पात्रों की खोजा नहीं जा सका।
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समाजवादी पेंशन के लिए जिले को 39000 लाभार्थियाें का लक्ष्य मिला है। इनका चयन अगस्त तक होना था। 35 ग्राम पंचायतें अब तक 400 पात्राें को नहीं तलाश पाई है। नगर निकायों का भी लक्ष्य पूरा नहीं हो पाया है। निकाय इलाकों को 600 पात्र नहीं मिले हैं। इनमें शहर इलाका भी शामिल है। शहर पालिका 200 पात्राें को नहीं तलाश पाई। जिला समाज कल्याण अधिकारी दो बार प्रस्ताव मांग चुकी है। इसके बाद भी लापरवाही कायम है।

6 माह में 3 हजार का नुकसान
समय से लाभार्थी ढूंढ लिए जाते तो जनवरी तक इन्हें तीन हजार रुपये की मदद मिल जाती। चुने जाने वाले पात्राें को छह माह में तीन हजार रुपये का नुकसान हुआ है। समाजवादी पेंशन के तहत चुने जाने वालों को 500 रुपये महीने पेंशन मिलती है। यह रकम इनके खातों में जाती है।
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यह है पात्राें के चयन की व्यवस्था
पेंशन के पात्राें के चयन के लिए शहर व देहात में खुली बैठकें होती हैं। निकायों में सभासद और देहात में ग्राम प्रधान लाभार्थी को पेंशन दिए जाने का प्रस्ताव देते हैं। इनके  सत्यापन के बाद जिला समाज कल्याण विभाग पात्रों को सूची में दर्ज कर लेता है। इसके बाद पेंशनरों के खाते में पेंशन पहुंचती है।

दिसंबर तक पैसा खातों में
25106 पेंशनरों समाजवादी पेंशनराें के खाते में दिसंबर तक पैसा भेज दिया गया है। अब तक 38000 पात्रों का चयन किया जा चुका है। 2894 लाभार्थियाें की जिला समाज कल्याण विभाग में फीडिंग चल रही है। पेंशनरों के सत्यापन में 302 अपात्रों को बाहर किया जा चुका है।

वर्जन
निकायों व खंड विकास अधिकारियों को पेंशनरों के चयन प्रस्ताव के लिए सितंबर में चिट्ठी भेजी गई थी। कहीं से भी प्रस्ताव नहीं आए हैं। 10 दिन पहले रिमाइंडर भी भेजा गया है। - ललिता यादव, जिला समाज कल्याण अधिकारी
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