फर्रुखाबाद। बजट सत्र के दौरान शून्य काल में भाजपा सांसद मुकेश राजपूत ने संसद भवन में प्रधानमंत्री से आलू विकास बोर्ड की स्थापना करने की मांग की। उन्होंने कहा कि इससे आलू आधारित उद्योगों का विकास होने के साथ किसानों को उनके उत्पाद का वाजिब मूल्य मिल सकेगा।
दिल्ली में सांसद मुकेश राजपूत ने संसद में कहा कि उनके लोकसभा क्षेत्र फर्रुखाबाद व आसपास अन्य जनपदों में व देश के कई प्रांतों में आलू का उत्पादन होता है। आलू सब्जियों का राजा कहा जाता है। इसका पूरे देश में 365 दिन उपयोग होता है। आलू कम होने पर अन्य सब्जियों के दाम आसमान छूने लगते हैं। उन्होंने कहा कि कई बार आलू का सही मूल्य न मिल पाने से किसानों का हाल-बेहाल हो जाता है। उनके बेटे, बेटियाें की शादी, बच्चों की पढ़ाई व अन्य सामाजिक कार्य भी व्यवस्थित तरीके से नहीं हो पाते हैं। उन्होंने प्रधानमंत्री व कृषि मंत्री से आग्रह किया कि जिस तरह मसाला बोर्ड की स्थापना हुई तो मसाला उत्पादक किसानों में आर्थिक सुधार हुआ है। इसी तरह जूट बोर्ड, टी बोर्ड, हाल ही में मखाना बोर्ड की स्थापना होने उत्पादक किसानों को लाभकारी मूल्य मिल रहा है। उन्होंने आलू विकास बोर्ड की स्थापना कराने की मांग कराने की मांग की। कहा कि आलू विकास बोर्ड के गठन से समग्र विकास के साथ देश के आलू प्रसंस्करण उद्योग का भी विकास होगा। क्षेत्र में आलू की गुणवत्ता में भी सुधार होगा। इसके साथ ही आलू के उत्पादक किसानों को उनके उत्पाद का वाजिब मूल्य मिलने से उनका आर्थिक सुधार व आलू आधारित उद्योगों का विकास होगा।