फर्रुखाबाद। अज्ञात कारणों के चलते एक विवाहिता और नगर पालिका में संविदा सफाई कर्मी फंदा लगाकर जान दे दी। विवाहिता के मायके वालों को सूचना दी गई है। दोनों ही मामलों में परिजन आत्महत्या की वजह स्पष्ट नहीं कर सके।
शहर के मोहल्ला भाऊटोला चोबदारान निवासी वीरेंद्र वाल्मीकि (39) नगर पालिका में संविदा सफाई कर्मी था। मंगलवार को वह घर पर अकेला था। बड़ा भाई राजेंद्र और छोटे लखन व सूरज काम से गए थे। शाम करीब साढ़े चार बजे राजेंद्र घर पहुंचा, तो कमरे की कुंडी अंदर से बंद थी।
आवाज देने पर भी नहीं खुली। खिड़की से देखा, तो वीरेंद्र का शव फंदे पर लटका मिला। राजेेंद्र ने बताया कि वीरेंद्र की पत्नी की 10 साल पहले मौत हो गई थी। उसका छह साल का बेटा भी नहीं रहा। जान क्यों दी यह समझ में नहीं आ रहा है।
राजेपुर प्रतिनिधि के अनुसार क्षेत्र के गांव कड़क्का निवासी अनिल कुशवाह की पत्नी विनीता (28) ने मंगलवार शाम चार बजे कमरे में फंदा गाकर जान दे दी।
सास के शोर मचाने पर पहुंचे लोगों ने शव को उतार लिया। परिजनों ने मायके वालों को सूचना दे दी है। उसके दो बेटे आर्यन (5) और डेढ़ साल का अंश है।
अनिल ने बताया कि उसकी आठ साल पहले हरदोई के सांडी थाने के सादुल्लागंज के रामभरोसे की बेटी विनीता से विवाह हुआ था। उनका कोई विवाद भी नहीं होता था। फोरेंसिक टीम ने भी जांच की।