नवाबगंज (फर्रुखाबाद)। लोहिया अस्पताल से मरीज को छोड़कर लौट रही 108 एंबुलेंस थाने के दरोगा की कार से रगड़ गई। कार में खरोंच आने से गुस्साए दरोगा ने चालक को एंबुलेंस से खींचकर पीट दिया और हवालात में बंद कर दिया। सूचना पर पहुुंचे साथियों ने मुख्य बाजार से लेकर थाना मार्ग पर तीस एंबुुलेंस खड़ी करके जाम लगा दिया।
सीओ तीन थानों की पुलिस के साथ पहुंचे। उन्होंने एंबुलेंस चालकों को शांत करने प्रयास किया। इस पर चालक भड़क गए और दरोगा पर आरोप लगाकर हंगामा करने लगे। दो घंटे के जाम के बाद सीओ के समझाने पर एंबुलेंस सड़क से हटाकर रामलीला मैदान में खड़ी करवा दी गईं। चार घंटे चली वार्ता के बाद चालकों ने दरोगा पर निलंबन की कार्रवाई के लिए 48 घंटे का समय दिया। इस पर सीओ ने कार्रवाई कराने के प्रयास की बात कही। इसके बाद चालक मान गए और लौट गए।
गांव नगला दमू निवासी 108 एंबुलेंस चालक राहुल मंगलवार को लोहिया अस्पताल में मरीज को छोड़कर वापस सीएचसी जा रहा था। शाम करीब साढ़े तीन बजे एंबुलेंस चौराहे पर पहुंची तभी थाने के दरोगा आशू कुमार अपनी कार से पुलिस लाइन जाने के लिए निकल रहे थे।
एंबुलेंस कार से रगड़ गई। इससे खरोंच आ गई। इस पर दरोगा ने एंबुलेंस चालक राहुल कुमार को पकड़कर नीचे खींच लिया और लात घूसों से बुरी तरह मारा पीटा। इसके बाद हवालात में बंद कर दिया। इसकी जानकारी मिलने पर एंबुलेंस यूनियन के जिलाध्यक्ष कश्मीर सिंह की अगुवाई में तीस चालक व ईएमटी एंबुलेंस लेकर मौके पर पहुंच गए। इन लोगों ने मुख्य बाजार से लेकर थाने तक एंबुलेंस खड़ी करके जाम लगा दिया। दरोगा पर दादागीरी का आरोप लगाकर थाने के गेट पर हंगामा करने लगे।
एसओ पूनम जादौन ने समझाने का प्रयास किया लेकिन कोई वे कुछ सुनने को तैयार नहीं थे। जानकारी मिलते ही सीओ मोहम्मदाबाद सोहराब आलम, कोतवाल मोहम्मदाबाद राकेश कुमार, जहानगंज एसओ दिनेश गौतम, एसओ शमसाबाद आरके रावत फोर्स के साथ पहुंच गए।
सीओ ने जिलाध्यक्ष कश्मीर सिंह व प्रोग्रामर सौरभ सिंह, रवि सिंह को समझाया और कानून हाथ में न लेने की हिदायत दी। इस पर कश्मीर सिंह ने कहा कि कानून तो दरोगा ने हाथ में लिया और चालक के साथ बर्बरता से मारपीट की है। सीओ ने कहा कि तहरीर लिखकर दो मुकदमा दर्ज कर लिया जाएगा। जांच में जो सही होगा वह कार्रवाई की जाएगी।
सीओ के समझाने पर चालकों ने एंबुलेंस मुख्य बाजार व थाने के गेट से हटाकर रामलीला मैदान में खड़ी दीं। रात करीब आठ बजे तक बातचीत के बाद चालकों ने दरोगा पर 48 घंटे के अंदर निलंबन की कार्रवाई का समय दिया।
इस पर सीओ ने कार्रवाई का प्रयास करने का भरोसा दिलाया। इस पर चालक मान गए और लौट गए। एएसपी अजय प्रताप ने इस संबंध में बताया कि सीओ मौके पर गए थे। वे जो जांच रिपोर्ट देंगे उसके अनुसार दोषी पाए जाने पर दरोगा पर कार्रवाई की जाएगी।
जाम में फंसे लोग हुए परेशान
मुख्य बाजार से लेकर थाने तक एंबुलेंस खड़ी हो जाने से दो घंटे तक आवागमन पूरी तरह बंद हो गया। दूरदराज के इलाकों से बाजार कराने आए ग्रामीण परेशान हो गए। कई लोगों से जाम को लेकर तीखी नोकझोंक भी हुई। दुकानदारों ने भी जाम को लेकर आक्रोश जाहिर किया।