संवाद न्यूज एजेंसी
फर्रुखाबाद। हत्या के मुकदमे में लूट की धारा हटाकर विवेचक ने लीपापोती कर चार्जशीट दाखिल कर दी। लूटे गए रुपये व जेवर बरामद करने का प्रयास नहीं किया। कोर्ट ने इस मामले में डीजीपी को पत्र भेजकर विवेचक के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने के आदेश दिए है।
मोहम्मदाबाद कोतवाली क्षेत्र के एक गांव निवासी महिला रेशमा की हत्या कर पचास हजार रुपये व जेवर लूटने के मामले में पुत्र सचिन कुमार बाथम ने अज्ञात के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया था। मुकदमे की विवेचना कर रहे तत्कालीन इंस्पेक्टर अनिल कुमार चौबे से पुत्र सचिन कुमार बाथम का मां की हत्या में चालान कर दिया था। लूटे गए जेवर व नकदी के बारे में कोई सुराग नहीं लगाया।
मुकदमे से लूट की धारा हटाकर आरोपी के बयान के आधार पर हत्या में सचिन के खिलाफ चार्जशीट दाखिल कर दी थी। मुकदमे की सुनवाई कर रहे विशेष न्यायाधीश एंटी डकैती कृष्ण कुमार ने मूल एफआईआर व विवेचक की चार्जशीट का अवलोकन किया। पता चला कि विवेचक ने लूट की धारा हटाकर पूरे मुकदमे में लीपापोती की है।
पर्यवेक्षण अधिकारी ने विवेचना में क्या हो रहा है। इस पर कोई ध्यान नहीं दिया है। न्यायाधीश ने लूट की धारा हटाने में लीपापोती के मामले में विवेचक अनिल कुमार चौबे के खिलाफ सूबे के पुलिस महानिदेशक को कठोर कार्रवाई के लिए पत्र भेजा है। आदेश की प्रतिलिपि पुलिस अधीक्षक को भेजने के आदेश दिए।