बच्चे ने बिस्तर पर शौच कर दिया तो ले ली जान
फर्रुखाबाद। बिस्तर पर शौच करने से गुस्साई ताई ने मासूम को जमकर पीटा और फिर नाक मुंह दबाकर उसकी जान ले ली। इसके बाद अपने पिता के साथ मिलकर बैग में शव भरकर गड्ढे में फेंक दिया। पुलिस गुमराह करने का प्रयास किया और फिर जब सख्ती हुई तो सच उगल दिया। पुलिस ने आरोपी पिता-पुत्री (ताई) को गिरफ्तार कर लिया है।
जनपद एटा थाना नयागांव के गांव कलुआटीलपुर निवासी शैलेंद्र राठौर पंजाब के लुधियाना में प्राइवेट नौकरी करता है। पत्नी नीरज, पुत्री प्रीती व दो पुत्रों के साथ फतेहगढ़ के न्यू फौजी कालोनी भोलेपुर निवासी नरेंद्र सिंह के मकान में किराये पर रहती है। वह एक नर्सिंग होम में काम करती है। पिछले साल जुलाई में शैलेंद्र के भाई बिजेंद्र की पत्नी का देहांत हो गया तो वह उनके पांच वर्षीय बेटे यश प्रताप को साथ ले आया था।
6 फरवरी की सुबह यश ने बिस्तर पर शौच कर दिया। इससे गुस्साई नीरज ने उसे पीटा और फिर नाक मुंह दबाकर मार डाला। फिर शव को अपने पिता रामबहादुर की मदद से ठिकाने लगा दिया। इसके बाद यश के मेला रामनगरिया में गुम होने और फिर उसके घर से चले जाने की बात कहकर पुलिस को गुमराह किया।
इस बीच उसके बच्चों ने पुलिस को सच बता दिया। पुलिस ने सोमवार की रात गांव के बाहर गड्ढे से शव बरामद कर लिया। बच्चे के गायब होने की सूचना पर 8 फरवरी को पहुंचे शैलेंद्र ने पत्नी व ससुर के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई है। पुलिस ने आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। एसपी अशोक कुमार मीणा ने बताया कि ताई के बयान बदलने पर ही शक हो गया था।
बच्चों से पूछताछ में खुली यश की हत्या
फर्रुखाबाद। लापता यश की खोज में लगी पुलिस ने जब उसकी चचेरी बहन व भाइयों से पूछताछ की तो उन्होंने मारपीट में मौत की कहानी बयां कर दी। इसके बाद हुई सख्ती पर बच्चे की ताई ने अपना गुनाह कबूल कर लिया। इससे पहले बच्चे की खोज के लिए एसपी ने पुलिस की चार टीमें लगाईं थीं। टीमें दो दिन तक मेले व मोहल्ले के आसपास लगे सीसीटीवी कैमरे खंगालती रहीं।
फतेहगढ़ कोतवाली के न्यू फौजी कालोनी निवासी नीरज पत्नी शैलेंद्र राठौर ने 7 जनवरी को भतीजे यश प्रताप के रामनगरिया मेले से लापता होने की सूचना दी थी। एसपी अशोक कुमार मीणा ने फतेहगढ़ कोतवाल जय प्रकाश पाल, महिला थाने की एसओ विनीता सारथी, कमालगंज एसओ अजय नारायण व सर्विलांस की टीम को खोज में लगाया।
पुलिस ने नीरज से यश का हुलिया पूछकर मेले में लगे सीसीटीवी कैमरे देखे। इनमें नीरज व उसके बच्चे ही दिखाई दिए। उसी दिन शाम को नीरज ने यश के घर से चले जाने की बात कही। इस पर पुलिस ने मोहल्ले व उससे जुड़े सभी मार्गों पर लगे सीसीटीवी कैमरे खंगाले लेकिन सफलता नहीं मिली।
फिर नीरज की बेटी व पुत्रों से पूछताछ की गई तो उन्होंने यश के साथ मारपीट और मौत की बात उजागर कर दी। इसके बाद महिला थाने की एसओ विनीता सारथी व दरोगा सीमा पटेल ने सख्ती की तो नीरज ने पूरी घटना बता दी।
खिलौना दिलाने की बात निकली गलत
पांचाल घाट चौकी इंचार्ज बलराज भाटी ने बताया कि नीरज ने मेले में यश को दुकान से खिलौने दिलवाने की बात बताई थी। कई दुकानदारों से पूछताछ में ये बात गलत निकली। नीरज ने टेंपो से आने की बात बताई। कैमरे में टेंपो तो दिखाई दिए, लेकिन यश उससे उतरता नहीं दिखाई दिया। मेले में लाउडस्पीकर से दो दिन तक यश के गायब होने का एलान करवाते रहे।
नाक मुंह दबाकर हत्या की पुष्टि
फर्रुखाबाद। ताई नीरज ने बच्चे की हत्या नाक मुंह दबाकर की थी। इससे पहले उसे बेरहमी से पीटा था। उसके शरीर पर आए एक दर्जन चोट के निशान पूरी कहानी बयां कर रहे थे। डॉ. सोमेश अग्निहोत्री ने शव का पोस्टमार्टम किया। उन्होंने दो से तीन दिन पहले हत्या किए जाने की बात कही है।
बैग में शव रखकर गांव के बाहर गड्ढे में फेंका
फर्रुखाबाद। महिला ने देवर के बेटे के बिस्तर पर शौच करने पर पहले तो जमकर पीटा और फिर उसको मार डाला। इसके बाद पिता की सलाह पर शव को बैग में भरकर गांव के बाहर ले जाकर वन विभाग की ओर से खोदे गए गड्ढे में फेंक दिया।
वारदात को अंजाम देने के बाद आरोपी महिला नीरज ने इसकी जानकारी कंपिल क्षेत्र के गांव जिजौटा बुजुर्ग निवासी पिता रामबहादुर को दी। पिता ने उससे गांव के बाहर पहुंचने के लिए कहा। इस पर वह 6 फरवरी को ही शाम के समय बच्चे यश प्रताप का शव बैग में भरकर गांव के बाहर पहुंची। यहां रामबहादुुर ने बेटी के साथ मिलकर वन विभाग के खुदवाए गड्ढे में बैग को शव समेत फिंकवा दिया और ऊपर से झाड़ियां रख दीं।
7 फरवरी को नीरज तीनों बच्चों के साथ रामनगरिया मेले में गई और एक बजे शहर कोतवाली जाकर यश के मेले से गायब होने की सूचना दी। कोतवाल के आदेश पर पांचाल घाट चौकी इंचार्ज बलराज भाटी ने चार घंटे तक मेले के सीसीटीवी कैमरे खंगाले। इसमें नीरज व उसके बच्चे दिख रहे थे, लेकिन यश नजर नहीं आया।
शाम होने पर नीरज ने कहानी बदल दी। कहा कि 6 फरवरी की रात बेटी प्रीती ने यश को बिस्तर पर शौच करने पर डांट दिया था। इससे नाराज होकर वह कहीं चला गया। पुलिस ने सख्ती की तो पूरी कहानी खुल गई। सोमवार रात पुलिस ने बच्चे का शव गड्ढे से बरामद कर नीरज व रामबहादुर को गिरफ्तार कर लिया। घटना का खुलासा पुलिस लाइन में एसपी अशोक कुमार मीणा ने किया।