संवाद न्यूज एजेंसी
फर्रुखाबाद। मेला रामनगरिया में चल रहीं भागवत कथाओं व भजन संध्याओं से चारों ओर आस्था की गंगा बह रही है। दो दिन से धूप निकलने से मेला क्षेत्र में रौनक भी बढ़ने लगी है। मेला आने वाले लोग नौका बिहार का लुत्फ उठाने से पीछे नहीं रह रहे।
शनिवार को धूप निकलने से रामनगरिया में भीड़ दिखाई दी। गंगा तटों पर स्नान करने के लिए श्रद्धालुओं का जमावड़ा लगा था। गंगा तटों पर मुंडन संस्कार व कथाएं होती रहीं। आदर्श क्षेत्र में भागवत कथा शुरू होने से पहले निकली कलश यात्रा में महिलाएं सिर पर कलश रखकर गंगा तट पर पहुंचीं। पूजन-अर्चन कर कलशों में जल भरकर महिलाएं वापस कथा पंडाल पहुंचीं। स्वामी सत्यस्वरूप ब्रम्हचारी ने भागवत कथा सुनाई। संत मनोज भारती उर्फ बब्बा के यहां साधु-संत भजन-कीर्तन में लीन थे।
ज्वाला देवी मंदिर की ज्योति से जलेगी जागरण की ज्योति
मेला व्यवस्थापक संदीप दीक्षित ने बताया कि पांच 5 फरवरी को सांस्कृतिक पंडाल में कानपुर से आए कलाकार देवी जागरण करेंगे। हिमाचल प्रदेश स्थित ज्वाला देवी के मंदिर में जल रही ज्योति से देवी जागरण में ज्योति जलाई जाएगी। ज्योति लेने के लिए टीम हिमाचल प्रदेश रवाना हो गई है।
सुख की प्राप्ति के लिए मन को मथना होगा
सांस्कृतिक पंडाल में भागवत कथा सुनाते हुए आचार्य तिलकेंद्र शेखर त्रिपाठी ने कहा कि आनंद को उसी प्रकार प्राप्त कर सकते हैं, जिस प्रकार मथने पर दूध से मक्खन निकलता है। मन को बिना मथे सुख की अनुभूति प्राप्त नहीं होगी। इस दौरान आचार्य हृदेश शुक्ला, सर्वेश मिश्रा, विनीत पाठक ने जप किया है। वैदिक क्षेत्र में आचार्य विवेक ने कहा कि यज्ञ पर्यावरण को शुद्ध रखने का उत्तम साधन है। उदिता आर्या ने यज्ञ महिमा के गीत सुनाकर श्रद्धालुओं को यज्ञ करने का संकल्प दिलाया। हरिओम शास्त्री, स्वामी देवानंद, राजकुमार आर्य, उत्कर्ष आर्य, प्रशांत आर्य, शिशुपाल आर्य, लालू, रेनू आर्या व अमृता आर्या आदि रहे।