फर्रुखाबाद। बौद्ध तीर्थ स्थल संकिसा में दो दिवसीय बुद्ध महोत्सव का अमृतपुर विधायक सुशील शाक्य ने भगवान बुद्ध की प्रतिमा के समक्ष मोमबत्ती प्रज्वलित कर शुभारंभ किया। बौद्ध भिक्षुओं ने बुद्ध वंदना के साथ पाली भाषा में परित्राण पाठ कराया।
मंडलायुक्त और आईजी ने अफसरों के साथ सुरक्षा व्यवस्था परखी। भंजे डॉ. धम्मपाल ने बुद्ध वंदना कराने के बाद सभी बौद्ध भिक्षुओं के संग पाली भाषा में परित्राण पाठ किया। आयोजक कर्मवीर शाक्य ने भगवान बुद्ध के जीवन पर प्रकाश डाला।
कहा कि भगवान बुद्ध अपनी मां को तीन माह का उपदेश देने पूर्णिमा को संकिसा आए थे। करीब 2300 वर्ष पूर्व सम्राट अशोक ने अचल चैत स्तूप बनवाया था, जो आज भी संकिसा में खंडहर के रूप में है।
मंडलायुक्त अमित गुप्ता व आईजी जोन जोगेंद्र कुमार ने विवादित टीले के चारों तरफ की सुरक्षा व्यवस्था परखी। उन्होंने कार्यक्रम स्थल भी देखा। डीएम डॉ. वीके सिंह और एसपी आलोक प्रियदर्शी को सभी कार्यक्रम शांति और सद्भाव से संपन्न कराने के निर्देश दिए।
शाम के सत्र में मैनपुरी के राजेंद्र बौद्ध, पचपुखरा के अर्पित शाक्य, औरैया के जय सिंह कुशवाहा, रघुराज सिंह बौद्ध, हरदोई के बिलग्राम के हरपाल सिंह यादव ने भगवान बुद्ध के बारे में में जानकारी दी।