फर्रुखाबाद। 20 वर्ष पहले प्रार्थना पत्र की जांच करने गए सिपाहियों पर जानलेवा हमला करने में 10 दोषियों को कोर्ट ने पांच वर्ष की कैद सुनाई है। सभी दोषियों पर 2.90 लाख रुपये अर्थदंड लगाया है।
नवाबगंज थाने के सिपाही इंद्रपाल सिंह ने गांव महमदपुर धनी निवासी जागेश्वर, गजराज, शेखर उर्फ चंद्रशेखर, महिमा चंद्र, मुकेश, अशोक ब्रहमानंद, राजू, राजेंद्र गंगवार, रामबाबू, मनकू के खिलाफ 22 अक्तूबर 2006 में मुकदमा दर्ज कराया था। इसमें आरोप लगाया कि साथी सिपाही कुलदीप, अवधेश के साथ 22 अक्तूबर 2006 को गांव में गश्त करनेे के लिए गए थे। गांव महमदपुर धनी में आम के बाग में यह लोग जुआ खेल रहे थे।
इन लोगों को पकड़ने का प्रयास किया तो सभी लोग मारपीट करने लगे। तमंचे से फायर किया तो गोली लगने से सिपाही कुलदीप घायल हो गए। मुकदमे की सुनवाई के दौरान मनकू की फाइल अलग कर दी गई।
शुक्रवार को न्यायाधीश न्यायाधीश रितिका त्यागी ने गवाह व साक्ष्य के आधार पर सभी को दोषी करार किया था। बुधवार को न्यायाधीश ने दोषी जागेश्वर, गजराज, शेखर उर्फ चंद्रशेखर, महिमा चंद्र, मुकेश, अशोक ब्रहमानंद, राजू, राजेंद्र गंगवार, रामबाबू को पांच वर्ष की कैद सुनाई। सभी दोषियों को 2.90 लाख रुपये का जुर्माना लगाया है। ी