सपा जिलाध्यक्ष नदीम अहमद फारुकी
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फर्रुखाबाद में समाजवादी पार्टी के जिलाध्यक्ष की एकनाली बंदूक व पिस्टल के लाइसेंस जिलाधिकारी ने निरस्त कर दिए हैं। उन्होंने एक माह के अंदर दोनों शस्त्रों की बिक्री न करने पर सरकारी मालखाने में जमा कराने के आदेश दिए हैं। शमसाबाद कस्बा के मोहल्ला काजीटोला निवासी सपा जिलाध्यक्ष नदीम अहमद फारुकी के नाम एकनाली बंदूक व पिस्टल का लाइसेंस था।
अक्तूबर में कस्बे में ही उनकी प्लाटिंग चल रही थी। रास्ता निकालने को लेकर उनका विवाद हो गया था। इस पर महिला ने सपा जिलाध्यक्ष के खिलाफ 28 अक्तूबर 2020 को लाइसेंसी व नाजायज असलहों से लैस होकर घर में घुसकर मारपीट, कपड़े फाड़ने व जानमाल की धमकी देने का मुकदमा दर्ज कराया था।
इस मामले में उनके दोनों शस्त्र लाइसेंस निलंबित कर दिए गए थे। पुलिस ने गिरफ्तार कर उन्हें जेल भेज दिया था। जेल से छूटने के बाद सपा जिलाध्यक्ष नदीम ने 6 नवंबर को पुलिस व मुख्यमंत्री के खिलाफ अभद्र टिप्पणी कर दी थी। इसका वीडियो वायरल होने पर भाजपा नेता व शमसाबाद नगर पंचायत के पूर्व चेयरमैन विजय गुुप्ता ने उनके खिलाफ 6 नवंबर 2020 को मुकदमा दर्ज कराया था।
पुलिस अधीक्षक ने शमसाबाद थानाध्यक्ष से दोनों मामलों की जांच कराई। जांच रिपोर्ट के आधार पर उनके शस्त्र लाइसेंस निरस्त करने की संस्तुति कर डीएम को रिपोर्ट भेज दी। इस पर जिलाधिकारी मानवेंद्र सिंह ने नदीम अहमद फारुकी की बंदूक व पिस्टल के लाइसेंस निरस्त कर दिए हैं। उन्होंने एक माह के अंदर शस्त्र बिक्री न करने पर सरकारी मालखाने में जमा कराने का आदेश दिया है।