फर्रुखाबाद। सरकारी विभाग की जगह प्राइवेट कंपनी में इंजीनियर होने की जानकारी पर दूल्हे को बंधक बना लिया गया। लड़की पक्ष के लोगों ने शादी से इनकार कर दिया। कोतवाली में दोनों पक्षों में शादी का खर्च देने पर समझौता हो गया। दूल्हा बिना दुल्हन के ही बैरंग वापस हो गया।
थाना राजेपुर के गांव पट्टी दारपुर निवासी किसान ने पुत्री की शादी एटा थाना बागवाला के गांव सोनसा निवासी युवक से तय की थी। मझिया ने बताया था कि युवक सरकारी विभाग में इंजीनियर है और 60 हजार रुपये वेतन मिलता है। बुधवार को बरात फतेहगढ़ कोतवाली के जीआरडी गेस्ट हाउस में पहुंची। वहां लड़की पक्ष के लोगों को पता चाल कि दूल्हा प्राइवेट कंपनी में इंजीनियर है। उसको 20 हजार रुपये वेतन मिलता है।
इस पर लड़की पक्ष के लोगों ने शादी करने से इनकार कर दिया। लड़की पक्ष के लोगों को शादी में खर्च हुए सात लाख रुपये की मांग कर दूल्हे को बंधक बना लिया। गुरुवार सुबह दूल्हे पक्ष के लोगों ने पुलिस को मामले की सूचना दी।
इस पर पहुंची पुलिस दूल्हे को कमरे से निकालकर कोतवाली ले गई। लड़की पक्ष के लोग भी कोतवाली पहुंच गए। वहां तीन घंटे तक बातचीत के बाद दोनों पक्षों में समझौता हो गया। दूल्हे पक्ष के लोग शादी में हुए खर्च को देने पर राजी हो गए। इस पर दूल्हा बिना दुल्हन के ही बैरंग वापस हो गया।