फर्रुखाबाद। एआरटीओ कार्यालय में कई दिन से लाइसेंस को छोड़कर अन्य पटलों पर काम बंद है। बुधवार को एक अधिकारी ने एक लिपिक से काम करने के लिए कहा तो लिपिक इनकार करने लगा। इस पर दोनों में खूब नोकझोंक हुई।
लिपिक का कहना था पहले बीते महीनों का हिसाब किया जाए, उसके बाद ही काम होगा। बुधवार को लाइसेंस और कैश पटल के अलावा सभी पटल बंद रहे। फिटनेस के वाहनों का सत्यापन हुआ। वाहनों के ट्रांसफर का काम बंद है। एनओसी के लिए डीसीआरबी की रिपोर्ट भी नहीं मंगवाई जा रही है। इससे कार्यालय आने वाले वाहन स्वामियों को परेशानी उठानी पड़ रही है। दर्जनों लोग हर दिन बैरंग लौटाए जा रहे हैं।
एआरटीओ कार्यालय के वरिष्ठ लिपिक राजेेंद्र कुमार, अभिषेक त्रिवेदी, हंसराज के बयान बुधवार को विजिलेंस इंस्पेक्टर प्रदीप यादव ने दर्ज किए। तत्कालीन एआरटीओ सुधेश तिवारी ने बयान देने के लिए पांच दिन का समय मांगा है। फर्रुखाबाद में तैनाती के दौरान एआरटीओ व ट्रैक्टर मालिक से रुपये के लेनदेन की बातचीत का आडियो वायरल हुआ था।