फर्रुखाबाद। कृषि कानूनों के विरोध में सड़क पर उतरे किसानों ने सोमवार को प्रदर्शन कर प्रधानमंत्री के खिलाफ भड़ास निकाली। इस दौरान जाम लगने पर सीओ की किसान नेताओं ने नोकझोंक गई।
जुलूस निकाल कर कलक्ट्रेट पहुंचे किसान नेता डीएम को ही ज्ञापन देने पर अड़ गए। परिसर में धरना देकर नारेबाजी की। सूचना पर पहुंचे डीएम को किसान नेताओं ने पांच सूत्री ज्ञापन सौंपा।
शहर के मसेेनी चौराहे के निकट स्थित कोल्ड स्टोरेज में भाकियू पदाधिकारी व किसान एकत्र हुए। भाकियू (टिकैत गुट) जिलाध्यक्ष अरविंद शाक्य, मंडल उपाध्यक्ष प्रभाकांत मिश्रा, संजीव सिंह, रामसेवक सक्सेना, लक्ष्मीशंकर जोशी आदि के नेतृत्व में कोल्ड स्टोरेज से जुलूस सड़क पर पहुंचा।
सबसे आगे पुलिस फोर्स, फिर किसानों का डीजे वाहन, उसके पीछे किसान नारेबाजी करते चल रहे थे। नेकपुर चौरासी रेलवे क्रासिंग के पास किसान पहुंचे तो मुख्य मार्ग पर जाम लग गया। इस पर सीओ राजवीर सिंह ने किसान नेताओं से किनारे चलने को कहा तो इसे लेकर नोकझोंक हो गई। हालांकि बातचीत से मामला शांत हो गया।
कलक्ट्रेट पहुंचने पर किसान नेताओं से सिटी मजिस्ट्रेट अशोक कुमार मौर्य, एसडीएम सदर अनिल कुमार ज्ञापन लेने पहुंचे तो उन्होंने मना कर दिया। डीएम को ही ज्ञापन सौंपने की जिद पर अड़े किसान परिसर में धरना देकर बैठ गए।
भाकियू जिलाध्यक्ष अरविंद सिंह शाक्य ने कृषि कानूनों को किसान विरोधी बताते हुए भाजपा के खिलाफ भड़ास निकाली। लक्ष्मी शंकर जोशी ने भाजपा को भारतीय जुमला पार्टी बताया। कहा कि प्रधानमंत्री ने किसानों से किया कोई वादा पूरा नहीं किया।
करीब एक घंटे बाद पहुंचे जिलाधिकारी को पांच सूत्री ज्ञापन सौंपा गया। इस दौरान हरिओम अग्निहोत्री, राम मोहन दीक्षित, बिट्टी अवस्थी, कुलदीप अवस्थी, मुकेश शर्मा आदि मौजूद रहे।
भाकियू ने जिलाधिकारी मानवेंद्र सिंह को सौंपे पांच सूत्रीय ज्ञापन में किसान विरोध कानून वापस लेने, किसान सम्मान निधि 24 हजार रुपये करने, उपज का न्यूनतम समर्थन मूल्य कानून के दायरे में लेने, किसानों का कर्ज माफ करने, पूरे देश में बिजली बिल एक समान करने के साथ किसानों का बिल माफ करने की मांग की गई है।
जुलूस लेकर आ रहे किसान नेता कलक्ट्रेट गेट से प्रवेश करने के साथ सीधे डीएम कार्यालय जाने को बढ़े। तो कार्यालय के बाहर पहले से तैनात पुलिस फोर्स ने उन्हें रोका दिया, इस पर पुलिस व किसानों के बीच धक्कामुक्की हो गई। इसके बाद किसान नेता परिसर में धरना देकर बैठ गए।
कृषि कानूनों के विरोध में सपा के निवर्तमान प्रदेश सचिव डॉ.जितेंद्र यादव समर्थकों के साथ मेडिकल कॉलेज स्थित आवास पर एकत्र हुए। वहां से वह हाईवे जाम करने को बढ़े तो पहले से तैनात पुलिस कर्मियों ने उन्हें रोका तो वह भिड़ गए। इससे पुलिस कर्मियों की उनसे धक्कामुक्की हो गई। पुलिस ने उन्हें जीप में डाल लिया।
काफी देर तक चौकी पर बैठाने के बाद उन्हें छोड़ा गया। इस दौरान जला महासचिव मंदीप सिंह, सुरेंद्र सिंह गौर, प्रदीप यादव टीटू आदि मौजूद रहे। इसके अलावा सपा नेता विजय यादव, सर्वेश अंबेडकर, यूनिस अंसारी, शिवम यादव, शशांक सक्सेना, बंटी यादव आदि एमआईसी के निकट स्थित रेस्टोरेंट के पास एकत्र हुए।
वहां एसडीएम सदर अनिल कुमार ने पहुंचकर उनसे चार सूत्री ज्ञापन लिया। यहां भीड़ हटाने को लेकर पुलिस कर्मियों से नोकझोंक हुई। सपा नेता सचिन यादव को उनके आवास पर पुलिस ने रोक दिया। वहां पुलिस कर्मी उनकी निगरानी में तैनात रहे।
कृषि कानून के विरोध व किसानों के समर्थन में प्रसपा जिलाध्यक्ष अनस सिद्दीकी ने समर्थकों के साथ अपने आवास परिसर में धरना दिया। हालांकि उनके बाहर जाने पर रोक लगाने को पहले से ही आवास पर पुलिस कर्मी तैनात कर दिए गए थे।
एसडीएम ने पहुंचकर उनसे ज्ञापन लिया। इस दौरान प्रदेश सचिव विश्वास गुप्ता, नीलम सिंह, प्रदीप यादव, हाजी अकरम अंसारी, सिराज खान आदि मौजूद रहे। इसके अलावा प्रसपा जिलाध्यक्ष (लोहिया) विमल यादव के नेतृत्व में रखा तिराहे पर एकत्र हुए कार्यकर्ताओं ने एसडीएम सदर को ज्ञापन सौंपा। यहां शुभम राय, सचेंद्र प्रताप सिंह, विजय अग्निहोत्री आदि मौजूद रहे।
कांग्रेस जिलाध्यक्ष विजय कटियार के आवास पर पुलिस का पहरा लगा होने से वह बाहर नहीं निकल सके। उन्होंने समर्थकों के साथ आवास परिसर में ही विरोध प्रदर्शन किया। केंद्र सरकार पर आरोप लगाया कि किसान विरोधी कानून उद्योगपतियों को लाभ पहुंचाने के लिए बनाया गया है।
पूर्व कांग्रेस जिलाध्यक्ष मृत्युंजय शर्मा, प्रदेश सचिव पिछड़ा वर्ग प्रकोष्ठ राजीव सैनी, रमेश चंद कठेरिया, अभय यादव, अजय कटियार, अनीश सिंह आदि मौजूद रहे। ओबीसी महासभा के जिलाध्यक्ष सूरज नारायन वर्मा ने कृषि कानून के विरोध व किसानों के समर्थन में 6 सूत्री ज्ञापन सिटी मजिस्ट्रेट को सौंपा।
कायमगंज। कंपिल थाना क्षेत्र के गांव बहलोलपुर निवासी भीम आर्मी के जिलाध्यक्ष आशुतोष कठेरिया व कायमगंज के गांव चिलौली निवासी नगर अध्यक्ष राजा वाल्मीकि सोमवार सुबह किसानों के समर्थन में फर्रुखाबाद जाकर आंदोलन करने की रणनीति बना रहे थे। इसी दौरान वहां कंपिल पुलिस पहुंच गई। पुलिस ने कानून व्यवस्था का हवाला देते हुए उन्हें घर में ही रोक लिया।
नेकपुर क्रासिंग के पास जाम लगने से सीओ से होती भाकियू नेताओं की नोकझोंक। संवाद- फोटो : FARRUKHABAD