कायमगंज में डीएम ने जिले के आला अधिकारियों के साथ तहसील सभागार में
मंगलवार को चौपाल लगाकर लोगों की समस्याएं सुनीं। हड़ताल पर चल रहे
लेखपालों को दोषियों के खिलाफ कार्रवाई का भरोसा दे ईमानदारी से काम करने
का पाठ पढ़ाया और एसएचओ व सीओ को दोषी वकीलों के खिलाफ कारवाई के सख्त
निर्देश दिए।
डीएम एनकेएस चौहान शाम 5 बजे एसपी विजय यादव, सीडीओ एसएन
शुक्ला, सीएमओ डा. राकेश कुमार, एक्सईएन विद्युत, डीपीआरओ के साथ तहसील
सभागार पहुंचे। यहा उन्होंने लोगों की समस्याएं सुनीं। जिलाधिकारी ने कहा
कि यह उनका व्यक्तिगत कार्यक्रम है। कायमगंज की मुख्यालय से दूरी को ध्यान
में रखकर ही उन्होंने महीने के दूसरे और चौथे
मंगलवार को यहां लोगों की
समस्याएं सनने का कार्यक्रम निर्धारित किया है इस कार्यक्रम के समय में
परिवर्तन करते हुए शाम 4 से 6 बजे तक कर दिया। इस दौरान उन्होंने वकीलों और
लेखपाल विवाद के कारण हड़ताल पर चल रहे लेखपाल संघ के पदाधिकारियों जगदीप,
रामेंद्र, आबिद से घटना की जानकारी ली। उन्होंने भरोसा दिलाया कि राजकीय
कार्य में
बाधा डालने वाले बख्शे नहीं जाएंगे चाहे वे कोई भी क्यों न हों।
उन्होंने बताया कि इंस्पेक्टर और सीओ को दोषियों की गिरफ्तारी के निर्देश
दिए गए हैं। बार कौंसिल को भी पत्र लिखकर जानकारी दी है हड़ताली लेखपालों
ने जिले के पदाधिकारियों के साथ डीएम से उनके आवास पर वार्ता करने का समय
लिया। लेखपालों ने मुआवजा वितरण के समय लोगों द्वारा अनावश्यक रूप से दबाव
बनाने की शिकायत की।
इस दौरान सवितापुर बिहारीपुर ग्राम सभा की प्रधान
राजेश्वरी के पति ने कंपिल टाउन एरिया के चेयरमैन के भाई द्वारा जबरन गांव
में बीआरजीएफ योजना से बनने वाली सड़क का निर्माण कराए जाने की शिकायत की।
जिस पर डीएम ने एसडीएम को चेयरमैन से बात करने के निर्देश दिए। साथ ही कहा
कि यदि उन्होंने काम न रोका तो उनके द्वारा कराए गए काम को श्रमदान में
घोषित करा दिया जाएगा। शाहीपुर के प्रधानपुत्र धर्मेेद्र ने मुआवजा वितरण
में गड़बड़ी की शिकायत
की। कई लोगों ने सीएचसी में तैनात महिला चिकित्सक के
रोज शाम को फर्रुखाबाद चले जाने की शिकायत की। डीएम ने सीएमओ को बुधवार से
उन्हें सीएचसी पर रहने के सख्त निर्देश देने की हिदायत दी। सिकंदरपुर खास
ग्राम सभा के ग्रामीणों की शिकायत पर बीडीओ और एडीओ को गांव जाकर मनरेगा
कार्यों की जांच के निर्देश दिए। भाजपा नेत्री रश्मि दुबे ने
बिजली के बिल
जमा कराने की नगर में व्यवस्था कराने की मांग की। जिलाधिकारी ने किसानों से
अपना गेहूं खरीद केंद्रों पर लाकर बेचने की अपील की। उन्होंने बताया कि
जिले का 22 हजार टन गेंहू खरीद का लक्ष्य दिया गया है। जिसके सापेक्ष अभी
तक 35 प्रतिशत खरीद की जा चुकी है जो मंडल में सर्वाधिक है।