फर्रुखाबाद। इटावा से भागवत कथा के कलशों का विसर्जन करते वक्त गंगा में एक युवक डूब गया। गोताखोरों ने करीब आधा घंटे बाद शव बाहर निकाला। परिजनों में मातम पसर गया।
इटावा के थाना ऊसराहार के गांव उमरैन के पास स्थित एक आश्रम पर भागवत कथा का शुक्रवार को समापन हुआ था। उसके कलश विसर्जन यात्रा में शनिवार को गांव जैसिंहपुर निवासी कुलदीप (28) पांचाल घाट पर गांव के लोगों के साथ आया था। शाम करीब साढ़े पांच बजे कलश व अन्य सामग्री विसर्जन करते वक्त गहरे जल में चले जाने से डूबने लगे। साथ के लोगों ने चीख-पुकार मचाई। कुलदीप के चचेरे भाई रंगलाल ने बताया कि कुलदीप डूबता रहा और गोताखोर रुपये की मांग करते रहे। पहले 20 हजार रुपये मांगे, मगर जब 10 हजार रुपये ले लिए उसके बाद ही दो-तीन गोताखोर गंगा में कूदे। करीब आधा घंटे बाद कुलदीप को बाहर निकाला। परिजन उसे लेकर लोहिया अस्पताल पहुंचे, जहां डॉक्टर ने मृत घोषित कर दिया। कुलदीप तीन भाइयों में बड़े थे। छोटे भाई अंशुल व रिंकू हैं। पत्नी सुमन और तीन बेटियों में आयुषी, शायना और सबसे छोटी चार माह की है। कुलदीप दिल्ली में निजी कंपनी में नौकरी करता था।