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टेंपो में मिला चालक का शव, हत्या की आशंका

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घटना स्थल पर जांच करते एएसपी त्रिभुवन सिंह। - फोटो : FARRUKHABAD
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घर से सवारी लेकर अमृतपुर जाने की कहकर शनिवार शाम निकले चालक का शव उसी के टेंपो में सीट के पास पड़ा मिला। सूचना पर पहुंचे परिजनों ने हत्या की आशंका व्यक्त की। मौके पर डॉग स्क्वायड ने पहुंच कर छानबीन की और फारेंसिक टीम ने नमूने लिए। पुलिस दुर्घटना मान रही है। शव का पोस्टमार्टम कराया गया।
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फतेहगढ़ कोतवाली के मोहल्ला तिर्वाकोठी निवासी रामपाल नागर का 30 वर्षीय पुत्र संजय कुमार टेंपो चलाता था। वह शनिवार सुबह टेंपो लेकर निकला। दोपहर को घर पहुंच गया। शाम चार बजे घर जब घर से निकला तो भाई अवधेश से अमृतपुर की तरफ सवारियां लेकर जाने की बात कही। इसके बाद वह नहीं लौटा। परिजनों ने खोजबीन की, पर उसका पता नहीं चला।
वह मोबाइल भी नहीं रखता था। रविवार सुबह साढ़े 10 बजे अवधेश के पास फोन आया कि भाई का शव पांचाल घाट स्थित महाकाल मंदिर वन चेतना केंद्र के पास टेंपो में पड़ा है। इस पर सभी परिजन मौके पर पहुंचे। सूचना पर पहुंचे पांचाल घाट चौकी प्रभारी आरके शर्मा, कोतवाल वेदप्रकाश पांडेय ने छानबीन की। दोपहर 12 बजे एएसपी त्रिभुवन सिंह भी पहुंचे।
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संजय का शव टेंपो में पीछे सीट के बीच में पड़ा था। उसके सिर से खून बह रहा था। अंदर भी काफी खून पड़ा था। फारेंसिक टीम ने खून के नमूने लिए और डॉग स्क्वायड ने भी छानबीन की। अवधेश ने भाई की हत्या की आशंका व्यक्त की। एएसपी त्रिभुवन सिंह ने बताया कि जांच में मामला दुर्घटना का लग रहा है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में सिर की हड्डी टूटने से मौत पुष्टि की गई है।
दो लोग बता रहे, उनके सामने हुई दुर्घटना
मसेनी के अमित कुमार और महेंद्र भदौरिया घटनास्थल पर पहुंचे। उनका कहना था कि शनिवार शाम करीब साढ़े पांच बजे उनके सामने ही मसेनी के पास यह टेंपो पलटा था। टेंपो एक अन्य व्यक्ति चला रहा था। उन लोगों ने ही इसे टेंपो में लिटाया था और लोहिया अस्पताल भेजा था।
अब सवाल है कि टेंपो वन चेतना केंद्र के पास कैसे पहुंचा। दूसरी तरफ शनिवार शाम से रविवार सुबह साढ़े 10 बजे तक करीब 14 घंटे तक किसी ने टेंपो में शव देखा ही नहीं है। वहां से पुलिस भी नहीं निकली और जो साथ में था वह कहां चला गया। इन सवालों के जवाब जांच में खोजने ही होंगे।
पत्नी, पुत्री, मां रो-रोकर बेहाल
चालक संजय कुमार की पत्नी आशा, मां विमला और 13 साल की पुत्री मोहिनी का रो-रो कर बेहाल हो गईं। वह टेंपो चलाकर ही अपने परिवार का भरण पोषण करता था।
पुलिस ने टेंपो के पूर्व चालक को हिरासत में लिया
संजय जिस टेंपो को चला रहा था, उसे तीन दिन पहले तक दूसरा चालक चलाता था। पुलिस ने शक के आधार पर पांचाल घाट निवासी चालक को शाम के वक्त हिरासत में ले लिया है। पुलिस ने उससे पूछताछ शुरू कर दी है।
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