बॉ विद्यालय में छात्रा से जानकारी लेतीं आयोग की सदस्य ज्योति सिंह।
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जिले में दो दिवसीय निरीक्षण पर आईं बाल अधिकार संरक्षण आयोग सदस्य डा. ज्योति सिंह कमालगंज में अंग्रेजी माध्यम से संचालित प्राथमिक विद्यालय में निरीक्षण करने पहुंची। उन्होंने छात्र, छात्राओं से चीफ मिनिस्टर का नाम पूछा तो बच्चों ने चुप्पी साध ली। इसके बाद आयोग सदस्य ने मुख्यमंत्री का नाम पूछा तो बच्चों ने बता दिया। अंग्रेजी माध्यम स्कूल की पढ़ाई की दुर्दशा देख आयोग सदस्य ने प्रधानाध्यापक को आड़े हाथ लिया। एमडीएम की गुणवत्ता खराब देख प्रधानाध्यापक की फटकार लगाई।
राज्य बाल अधिकार संरक्षण आयोग की सदस्य डा. ज्योति सिंह ने मंगलवार को कमालगंज के प्राथमिक विद्यालय अमानाबाद का निरीक्षण किया। इस विद्यालय में 140 पंजीकृत बच्चों में से 25 उपस्थित मिले। इस विद्यालय में एमडीएम की गुणवत्ता खराब मिली। पूर्व माध्यमिक विद्यालय अमानाबाद में कुल आठ बच्चे उपस्थित मिले। यहीं पर संचालित आंगनबाड़ी केेंद्र पर 53 में से 23 बच्चे उपस्थित मिले।
बीआरसी परिसर में स्थित प्राथमिक विद्यालय में अंग्रेजी माध्यम की तर्ज पर पढ़ाई होती है। आयोग की सदस्य ने बच्चों से प्राइम मिनिस्टर और चीफ मिनिस्टर का नाम पूछा तो बच्चे इसका मतलब नहीं समझ पाए। जब आयोग सदस्य ने मुख्यमंत्री और प्रधानमंत्री का नाम पूछा तो बच्चों ने बता दिया। जिले में अनुराग पटेल डीएम और संदीप चौधरी बीएसए है लेकिन विद्यालय में अभी तक डीएम एनकेएस चौहान और बीएसए योगराज सिंह लिखा हुआ है।
इस कारण बच्चों को अधिकारियों की सहीं जानकारी तक नहीं दी जाती है। कस्तूरबा गंाधी आवासीय विद्यालय में निरीक्षण के दौरान एक छात्रा ने आयोग सदस्य को रो-रोकर अपनी समस्या बताई। शिक्षकों ने एरियर न मिलने की पीड़ा बताई। प्राथमिक विद्यालय नूरपुर गढ़िया में निरीक्षण के दौरान शिक्षक द्वारा बच्चों को गलत पढ़ाऐ जाने पर आयोग सदस्य ने नाराजगी जताई।