अलग-अलग स्थानों पर हुई मारपीट की घटनाओं में बैंक के संविदाकर्मी समेत छह
लोगों को मारपीट कर घायल कर दिया गया। बैंक में मारपीट से करीब 40 मिनट
कार्य प्रभावित रहा। सूचना पर पहुंची पुलिस ने लेखाकार को हिरासत में ले
लिया। कोतवाली कायमगंज क्षेत्र के गांव रुटौल निवासी विजय कुमार बैंक आफ
इंडिया रजलामई शाखा में संविदाकर्मी है। वह बैंक में कार्य कर रहे थे।
मंगलवार को रजलामई निवासी नन्हें उर्फ अभय, जो खंड शिक्षाधिकारी कार्यालय
शमसाबाद में
लेखाकार हैं अपनी भाभी पूनम देवी पत्नी तुलाराम का
खाता खुलाने बैंक आए थे। खाता खुलने में देरी होने पर वह हंगामा करने लगे।
विजय ने मना किया तो नन्हें ने उसके साथ मारपीट कर दी। इससे बैंक में
अफरा-तफरी मच गई और काम बंद हो गया। घटना की सूचना मिलने पर पहुंची पुलिस
ने नन्हें उर्फ अभय को हिरासत में ले लिया। विजय ने नन्हें के
खिलाफ
तहरीर दी। प्रबंधक राहुल कुमार ने बताया कि खाता खुलने में देरी होने पर
नन्हें ने संविदाकर्मी विजय कुमार के साथ मारपीट कर दी। इससे बैंक में करीब
40 मिनट तक कार्य बाधित रहा। इस मामले में थाने पर समझौता कराए जाने की
कवायद शुरू हो गई है।
उधर, गांव पहाड़पुर बैरागर निवासी हरिश्चंद्र
और उनके भाई सत्यराम का बंटवारे को लेकर विवाद चल रहा है। इसी के चलते
मंगलवार को दोनों पक्षों में मारपीट हो गई। इसमें हरिश्चंद्र और उनकी
पुत्री ममता देवी घायल हो गईं। हरिश्चंद्र ने रामनरेश, सर्वेश कुमार, राजेश
कुमार और हरिनंदन पुत्रगण सत्यराम के खिलाफ तहरीर दी। ममता का आरोप है कि
मारपीट के दौरान हमलावर उनकी सोने की जंजीर भी तोड़ ले गए।
उधर,
मेरापुर थाने के गांव संकिसा निवासी राजाराम अपनी भतीजी की विदा कराने
मऊदरवाजा थाना क्षेत्र के मोहल्ला अमीन खां स्थित ससुराल में आए थे। दामाद
और चचिया ससुर में विदा को लेकर विवाद हो गया। दोनों मेें जमकर मारपीट हुई।
इसमें दामाद और उसकी मां मिथिलेशदेवी तथा दूसरे पक्ष से राजाराम घायल हो
गए। दोनों पक्षों ने एक दूसरे के खिलाफ एनसीआर दर्ज कराई। एक अन्य घटना में
शहर के मोहल्ला अढ़ितियान निवासी अधिवक्ता प्रदीप अग्निहोत्री
सोमवार
की शाम अपने घर के आफिस में काम कर रहे थे। इसी बीच फतेहगढ़ कोतवाली के
मोहल्ला ऊंचा भोलेपुर निवासी अजय, अनिल और सिविल लाइन निवासी नरेंद्र के
अलावा आधा दर्जन अज्ञात लोग घर में घुस आए। हमलावरों ने मुकदमा वापस करने
के लिए दबाव बनाने लगे। जब इसका विरोध किया तो हमलावरों ने तमंचा लगा कर
सादे स्टांप पर हस्ताक्षर
करा लिए। हमलावरों ने गालीगलौज कर जानमाल
की धमकी देकर भाग गए। अधिवक्ता की तहरीर पर पुलिस ने मामले की रिपोर्ट
दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।