वाहन चेकिंग के दौरान बोलेरो चालक ने सिपाही को कुचलने के इरादे से टक्कर मार घायल कर दिया। इस दौरान बोलेरो बेकाबू होकर गड्ढे में घुस गई। हादसे में सिपाही की राइफल टूट गई। भाग रहे चालक और उसके दो साथियों को पुलिस ने पकड़ लिया। घटना की सूचना पर एसपी समेत आलाधिकारियों ने अस्पताल पहुंच कर घायल सिपाही के हालचाल लिए।
दरोगा ने चालक के खिलाफ मामले की रिपोर्ट दर्ज कराई।थाना जहानगंज में तैनात सिपाही मयंक सेहरावत और दरोगा सुरेशचंद पाठक रविवार रात करीब 10 बजे वाहनों की चेकिंग के लिए जहानगंज-छिबरामऊ रोड पर काली नदी बार्डर पर थे। यहां पर डायल 100 की गाड़ी भी खड़ी थी। इस दौरान दूध डेयरी से वापस आ रही टाटा मैजिक को पुलिसकर्मियों ने रोक लिया
और उसकी तलाशी लेकर छानबीन करने लगे। इस बीच फर्रुखाबाद से छिबरामऊ की ओर जा रही बोलेरो को सिपाही मयंक सेहरावत ने रोकने के लिए हाथ दिया। सिपाही के कंधे पर राइफल टंगी थी। बोलेरो रुकने के बजाय सिपाही की तरफ तेजी से आ रही थी तो सिपाही सड़क किनारे हो गया।
उसी समय बोलेरो चालक ने सिपाही को कुचलने के इरादे से उसके जोरदार टक्कर मार दी, जिससे वह घायल हो गया और उसकी राइफल टूट गई। इस दौरान बोलेरो बेकाबू होकर गड्ढे में जा घुसी। बोलेरो में सवार चालक और उसके साथी भागने लगे। उसी समय वहां मौजूद डायल 100 के पुलिस कर्मियों ने तीनों को दौड़ाकर पकड़ लिया।
घटना की सूचना पर थाना पुलिस मौके पर पहुंची। इधर, घायल को डायल 100 की गाड़ी से लोहिया अस्पताल लाकर भर्ती कराया गया। घटना की जानकारी आलाधिकारियों को दी गई। सूचना मिलने पर रात में ही एसपी सुभाष सिंह बघेल, सीओ अमृतपुर देवेंद्र कुमार और सीओ मोहम्मदाबाद उमेश शर्मा अस्पताल पहुंच कर गए।
सोमवार सुबह एएसपी अशोक कुमार ने अस्पताल पहुंच कर घायल सिपाही के हालचाल लिए। सिपाही जिला मुजफ्फर नगर थाना मंसूरपुर के गांव नौना का रहने वाला है। उसके साथी सिपाही मोहित और दीपक भी अस्पताल में उसकी देखभाल के लिए डटे रहे।
जहानगंज प्रतिनिधि के अनुसार दरोगा सुरेशचंद्र पाठक ने बोलेरो चालक सचिन उर्फ उपकार उर्फ नन्हे निवासी वैसपुर थाना इंदरगढ़ के खिलाफ मामले की रिपोर्ट दर्ज कराई। वहीं पुलिस ने उसके साथी गोलू और विवेक का शांतिभंग के आरोप में चालान कर दिया। पकड़े गए चालक ने बताया कि वह फतेहगढ़ कचहरी में सीसीटीवी कैमरों को लगाकर लौट रहे थे। उनका ठेकेदार नीलेश बनारस का रहने वाला है। उसके पास 34 जिलों में कैमरे लगाने का ठेका है।