फर्रुखाबाद। नाबालिग को ले जाने के मामले में दोषी को कोर्ट ने पांच साल का कारावास और 20 हजार का जुर्माने की सजा सुनाई है। जुर्माना न देने पर पांच माह का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा।
शहर कोतवाली क्षेत्र एक गांव निवासी ग्रामीण 11 फरवरी 2014 को गंगा स्नान करने गया था। उसी दौरान उनकी नाबालिग पुत्री को मऊदरवाजा थाने के हैवतपुर गढ़िया कांशीराम कालोनी निवासी आसिफ व उसकी मां सबीना साथ लेकर चले गए थे। ग्रामीण की तहरीर पर पुलिस ने दोनों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया।
विवेचक ने किशोरी को खोजकर परिजनों को सुपुर्द कर दिया। आसिफ के खिलाफ पुलिस ने किशोरी को ले जाने व दुष्कर्म के मामले में चार्जशीट दाखिल की। मुकदमे की सुनवाई कर रहे विशेष न्यायाधीश पॉक्सो एक्ट प्रेम शंकर ने शनिवार को गवाह व साक्ष्यों के आधार पर आसिफ को नाबालिग को ले जाने में दोषी करार दिया। उसे पांच वर्ष कठोर कारावास की सजा सुनाई। दोषी को 20 हजार रुपये जमा करने के आदेश दिए। जुर्माना न देने पर पांच माह का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा।