कायमगंज। कोविड-19 की तीसरी लहर में पैरोल पर छोड़े गए कैदी को पुलिस ने गिरफ्तार कर जेल भेज दिया। पैरोल की अवधि पूरी होने के बावजूद वह हाजिर नहीं हुआ और न ही जमानत कराई। वह दिल्ली में रिक्शा चलाने का काम करने लगा था।
कोतवाली क्षेत्र के गांव रायपुर निवासी रज्जन को वर्ष 2010 में गिरफ्तार किया गया था। उस पर नुमाइश में दुकानदारों से मारपीट कर रंगदारी वसूलने का आरोप था। पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर मुकदमा दर्ज कर लिया था। मुकदमे में उसे साढ़े तीन साल की सजा हुई।
जेल में सजा काटने के दौरान कोविड-19 की तीसरी लहर के दौरान 12 अगस्त 2021 को 60 दिन के लिए पैरोल पर जेल से रिहा कर दिया गया। कैदी रज्जन को 13 अक्तूबर 2021 को जेल में हाजिर होना था, मगर वह अवधि पूरी होने के बाद नहीं लौटा। रज्जन दिल्ली जाकर रिक्शा चलाने लगा। कुछ दिन पहले वह दिल्ली से गांव लौटा तो मंडी चौकी पुलिस को इसकी भनक लग गई। मंगलवार सुबह मंडी चौकी प्रभारी केके कश्यप ने उसे घर से गिरफ्तार कर जेल भेज दिया। (संवाद)