फोटो-24 शीतगृह में हॉलैंड आलू के पास बैठे किसान। संवाद
कुछ व्यापारी भी नुकसान के साथ शीतगृह से आलू निकाल रहे
संवाद न्यूज एजेंसी
फर्रुखाबाद/कमालगंज। शीतगृहों से चिप्सोना व हॉलैंड आलू की निकासी भी शुरू हुई है। कुछ व्यापारी भी आलू निकालकर बेच रहे हैं। बुधवार को शीतगृह से निकला आलू चिप्सोना 481 व लाल आलू हॉलैंड 501 रुपये पैकेट बिका।
सफेद आलू के बाद अब सुपर मानी जाने वाली अन्य किस्मों चिप्सोना, 3797 व लाल आलू हॉलैंड की निकासी भी शुरू हुई है। चिप्सोना व 3797 आलू 481 रुपये पैकेट बिका। इसमें 150 रुपये फॉक्सिंग चैंबर का भाड़ा घटाएं तो 331 रुपये पैकेट के दाम किसान को मिल रहे हैं। कुछ व्यापारी भी थोड़ा-थोड़ा माल निकालने का मन बना रहे हैं। व्यापारी इस्लाम निराला ने बताया कि ज्यादातर व्यापारियों ने अच्छा चिप्सोना करीब 400 रुपये पैकेट के भाव में खरीद कर भण्डारण किया था। इस समय जो भाव मिल रहा है। उसके अनुसार 50 से 70 रुपये पैकेट का नुकसान है। व्यापारी राजू का कहना है कि आलू की चाल कोई नहीं समझ पाया। कहो तो भाव बढ़ जाए या फिर और गिर जाए। इसलिए कुछ व्यापारियों में कुछ माल निकालने का मन बनाया, जबकि ज्यादातर व्यापारी अभी इंतजार कर रहे हैं। शीतगृह में लाल आलू हॉलैंड बेचने वाले किसान मीठापुर के जगमोहन व अमर सिंह ने बताया कि उनका आलू 501 रुपये पैकेट बिका। भाड़ा निकालकर 381 रुपये पैकेट के दाम मिल गए। उन्होंने 400 पैकेट आलू बेचा है।