बिजली चोरी और लाइन लॉस रोकने के लिए चल रहे अभियान की समीक्षा करने आए
मुख्य अभियंता विद्युत ने मौके पर पहुंच कर अभियान का जायजा लिया। शाम को
अफसरों के साथ बैठक कर अभियान में तेजी लाने के निर्देश दिए।
सोमवार
को मुख्य अभियंता बीआर मौर्या ने प्रशासनिक अधीक्षण अभियंता ओएन दीक्षित के
साथ जिले में चल रहे
अभियान की समीक्षा की। फतेहगढ़ नगर के गीतापुरम में
चल रहे अभियान के दौरान चीफ इंजीनियर ने मौके पर पहुंच कर जायजा लिया। शाम
को आवास विकास स्थित एक होटल में अधिकारियो के साथ बैठक की। इसमें चीफ
इंजीनियर ने अभियान धीमा चलने पर नाराजगी जताई। इन्होंने कहा कि 31 जुलाई
तक सभी मीटर घर के बाहर होने चाहिए। बिना
मीटर के बिजली सप्लाई बंद होनी
चाहिए। उपभोक्ताओं की बिलिंग समय से हो। सभी उपभोक्ताओं को ऑन लाइन किया
जाए। इसमें किसी प्रकार की लापरवाही नहीं होनी चाहिए। बिजली मुहैया कराए
जाने के साथ वसूली पर भी ध्यान रखने के निर्देश दिए। चीफ इंजीनियर और
अधीक्षण अभियंता प्रशासनिक मंगलवार को निर्माणाधीन विद्युत उपकेंद्र का
निरीक्षण करेंगे।
मीटरों के शंट में ठेकेदार कर रहे वसूली का खेल
बिजली विभाग में ठेकेदारों के कारनामे अजब गजब हैं। कभी बिना स्टीमेट लाइन
बनाने का खेल उजागर होता है तो कभी ट्रांसफार्मर उतरवाने का मामला सामने
आता है। अब मीटर में शंट होने के नाम पर वसूली का खेल शुरू हो गया है। आवास
विकास में एक मीटर में शंट होने के नाम पर बदल दिया गया। इसके लिए रुपये
लिए जाने की जानकारी मिलने पर
विभागीय अधिकारियों में हलचल मची हुई है। एमडी
के आदेश पर पिछले माह बाहर की टीम ने शहर में लगे मीटरों की जांच की थी।
इसमें कई मीटर धीमे चलते मिले। इनकी जांच में मीटरों में शंट लगा होने का
खुलासा हुआ था। वर्तमान में जिले में मीटर घर के बाहर लगाने का काम चल रहा
है। इसके सहारे कुछ ठेकेदार उपभोक्ताओं को मीटर में शंट होना
बताकर वसूली
कर रहे हैं। ऐसा ही खेल आवास विकास में किया गया है। यहां एक उपभोक्ता के
घर दो किलोवाट का कनेक्शन है। घर के बाहर मीटर लगा था। हर माह रीडिंग होती
थी। मीटर लगाने वाले ठेकेदार ने मीटर में शंट होना बताकर उपभोक्ता से
रुपये लिए और मीटर बदल दिया। इसकी जानकारी विभागीय अधिकारियों को हुई। इससे
विभाग में
हलचल श्ुारू हो गई। एसडीओ राहुल बाबू कटियार ने बताया कि इस
मामले की जांच की जाएगी। जो मीटर उतर कर आया, उसकी वह खुद जांच कराएंगे।
अगर जांच में शंट नहीं निकलता है तो ठेकेदार के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।