फर्रुखाबाद। अंबेडकर तिराहे पर विरोध प्रदर्शन कर रोडवेज बस में तोड़फोड़ और पुतला फूंकने के मामले में जिलाध्यक्ष समेत 19 बसपाइयों के खिलाफ अदालत से गैर जमानती वारंट जारी किए गए है। फतेहगढ़ कोतवाल को 26 अक्तूबर तक तामील कराने का आदेश दिया है।
26 जुलाई 2012 को अंबेडकर तिराहे के पास बसपाइयों ने सरकार कि खिलाफ विरोध प्रदर्शन कर पुतला फूंकने के बाद रोडवेज बस में तोड़फोड़ कर दी थी। इस मामले की तत्कालीन फतेहगढ़ कोतवाली प्रभारी निरीक्षक रूम सिंह ने बसपा जिलाध्यक्ष सुभाष गौतम, बनखड़िया निवासी पूर्व जिलाध्यक्ष अजय भारती, अमित गौतम, नगला प्रीतम निवासी अनुराग, नाला मछरट्टा निवासी देवेश तिवारी, भोलेपुर निवासी राकेश राठौर, भगोना जहानगंज निवासी अजीत सुमन, आवास विकास कालोनी निवासी प्रमोद कुमार, पुलमंडी निवासी नरेंद्र जाटव, नगला दीना निवासी हरि ओमपाल सिंह, हैवतपुर गढ़िया निवासी ब्रह्माशरण, अढ़तियान निवासी राजीव चतुर्वेदी, बुढ़नामऊ निवासी जगदीश गौतम, बनखड़िया निवासी पूर्व जिलाध्यक्ष रामानंद प्रजापति, पूर्व जिलाध्यक्ष रामनरेश गौतम, आवास विकास कालोनी निवासी सरिता शाक्य, नरकसा निवासी संजय आनंद, पुलमंडी निवासी रामरतन व अधिवक्ता जवाहर सिंह गंगवार के खिलाफ फतेहगढ़ में रिपोर्ट लिखाई थी।
इसमें सरकार के खिलाफ विरोध प्रदेशन करने के बाद पुतला फूंकने, रोडवेज बस में तोड़फोड़ करने का आरोप लगाया गया है। विवेचक ने जांच के बाद सभी के खिलाफ आरोप पत्र दाखिल किया। अदालत में तारीख पर उपस्थित न होने पर सभी आरोपियों के खिलाफ गैर जमानती वारंट जारी किया गया है।