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आरोग्य मेला : तीन बजे पीएचसी पर ताले तो कहीं दवा के लाले

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पीएचसी धीरपुर में लगा ताला। - फोटो : गैंगस्टर की संपत्ति कुर्क की कार्रवाई करती पुलिस।
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फर्रुखाबाद। प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों पर रविवार को लगने वाला आरोग्य मेला मखौल बनकर रह गया है। तीन बजे से पहले ही कई पीएचसी पर ताले जड़ दिए गए। इन दिनों खांसी के मरीजों की संख्या बढ़ी है। मरीजों को सिरप भी नहीं मिल पा रहे हैं।
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शहर के छह व ग्रामीण क्षेत्र के 34 पीएचसी पर आरोग्य मेला लगता है। शहर के पीएचसी नवदिया में एसीएमओ डॉ. दलवीर सिंह ने निरीक्षण किया। उन्होंने डॉ. सचिन कटियार से व्यवस्थाओं की जानकारी ली। उन्होंने बताया कि खांसी का सिरप नहीं है, अन्य सभी दवाएं उपलब्ध हैं। दो स्टाफ नर्स की तैनाती के बावजूद प्रसव की सुविधा शुरू न होने के सवाल पर बताया गया कि अभी स्टोर से संसाधन पूरे नहीं मिले हैं। एसीएमओ ने मोहम्मदाबाद क्षेत्र के पीएचसी पिपरगांव का निरीक्षण किया। यहां भी अव्यवस्थाएं मिलीं।
एसीएमओ के जाते ही पीएचसी में ताला लगा दिया गया। यहां 2.39 बजे कोई भी कर्मचारी मौजूद नहीं था। इसके अलावा क्षेत्र के पीएचसी धीरपुर में 2.55 बजे व पीएचसी खिमसेपुर में 3.09 बजे ताला लगा मिला। शाम चार बजे तक आरोग्य मेले में स्वास्थ्य सेवाएं देने के आदेश हैं। मोहम्मदाबाद सीएचसी प्रभारी डॉ. गौरव यादव ने बताया कि समय से पहले ताला लगाने के मामले में स्पष्टीकरण तलब करने के साथ ही वेतन रोकने की कार्रवाई की जाएगी।
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वार्ड बॉय ने बांटी दवाई, खांसी का सिरप नहीं
कंपिल। क्षेत्र के पीएचसी बरखेड़ा में डॉ. हिमांशु ने 47 मरीज देखें। इनमें सर्वाधिक मरीज खांसी, जुकाम व बुखार के थे। एलए अनूप कुमार ने मरीजों की जांच की। फार्मासिस्ट न होने से वार्ड बॉय ने मरीजों को दवाई वितरित की। बिजली न होने से अंधेरा छाया रहा। परिसर में गंदगी व शौचालय भी टूटे हैं। महिला कर्मचारी न होने से गर्भवती महिलाओं की जांच नहीं हो सकी। पीएचसी बिलसड़ी में आयुष डॉ. रेशू ने 42 मरीज देखे। एलए कुलदीप ने तीन मरीजों की जांच की। अस्पताल में खासी का सिरप न होने से मरीजों को गोली देकर टरका दिया गया।


सर्दी, जुकाम के मरीज बढ़े
शमसाबाद। क्षेत्र के पीएचसी पसियापुर में डॉ. कुलभूषण ने 35 मरीज देखे। इनमें सर्वाधिक मरीज सर्दी, खांसी से पीड़ित थे। एलटी राजन राव ने 12 मरीजों की जांच की व फार्मासिस्ट दिलीप कुमार ने दवा बांटी।
पीएचसी कुआंखेड़ा में डॉ. अमरेश प्रताप ने 63 मरीज देखे। एलटी ओम नंदन ने आठ मरीजों की जांच की और फार्मासिस्ट अखिलेश कुमार ने दवा बांटी। यहां शौचालय में पानी की व्यवस्था न होने से स्टाफ को दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।



एसीएमओ डॉ. दलवीर सिंह ने बताया कि कुल 1,538 मरीजों का उपचार किया गया। नगरीय पीएचसी नवदिया व आईटीआई में शीघ्र ही संसाधन पूरे कराकर प्रसव की सुविधा शुरू कराई जाएगी। चार बजे से पहले पीएचसी बंद करना गलत है। व्यवस्था सुधारने व कार्रवाई के लिए सीएमओ को आख्या देंगे।
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