फर्रुखाबाद। आयुष्मान आरोग्य मंदिर (हेल्थ वेलनेस सेंटर) पर आने वाले मरीजों को लोहिया अस्पताल में खोले गए टेलीमेडिसिन सेंटर में तैनात डॉक्टरों की ऑनलाइन सलाह पर इलाज किया जा रहा है। अब यह इलाज मिलना मुश्किल हो गया। चार में से दो डॉक्टरों ने पहले ही नौकरी छोड़ दी थी। अब दो में से एक डॉक्टर ने त्यागपत्र दे दिया है। इससे आरोग्य मंदिरों पर आने वाले मरीजों का इलाज भगवान भरोसे हो गया है।
स्वास्थ्य विभाग ने जिले में 164 आयुष्मान आरोग्य मंदिरों पर कम्युनिटी हेल्थ ऑफीसर (सीएचओ) की तैनाती कर रखी है। इन मंदिरों को लोहिया अस्पताल में खोले गए टेलीमेडिसिन सेंटर से जोड़ा गया है। यहां तैनात किए गए चार डॉक्टर ऑनलाइन मरीज से बात कर दवाएं लिखकर देते हैं। आरोग्य मंदिरों पर वह दवाएं मरीज को उपलब्ध करवा दी जाती हैं। इससे मरीजों को सीएचसी, पीएचसी और जिला अस्पताल के चक्कर नहीं लगाने पड़ते थे।
चार डॉक्टरों में से दो ने शुरुआती दौर में ही त्यागपत्र दे दिया था। इसके बाद से डॉ. कृष्णकुमार और डॉ. आकाश बंसल काम करते रहे। शुक्रवार को निजी कारणों का हवाला देते हुए डॉ. आकाश बंसल ने भी सीएमओ को त्याग पत्र दे दिया। इसके बाद अब टेलीमेडिसिन सेंटर मात्र एक डॉक्टर ही बचे हैं। इससे आरोग्य मंदिरों पर आने वाले मरीजों को इलाज मिलने में दिक्कत है।