फर्रुखाबाद (कंपिल)। बिजली कटौती व लो वोल्टेज की समस्या से गुस्साए लोगों के सब्र का बांध रविवार को टूट गया। कई गांवों के सैकड़ों ग्रामीणों ने कंपिल उपकेंद्र का घेराव कर हंगामा किया। गुस्साए ग्रामीणों को देख उपकेंद्र पर मौजूद लाइनमैनों ने अंदर से कमरे का दरवाजा बंद कर लिया। करीब चार घंटे बाद अवर अभियंता के आने पर लाइनमैनों ने दरवाजा खोला। जेई के समझाने पर ग्रामीण माने और चले गए।
कंपिल बिजली उपकेंद्र से भोगपुर, जोगपुर, अकराबाद, कुंवरपुर, शिवपुर, धर्मपुर, बहलोलपुर, मंसूर नगर, अजीजपुर, भैंसार, महादेवपुर, पचरौली, औजन नगला समेत करीब एक दर्जन से ज्यादा गांवों को बिजली आपूर्ति होती है। 16 मई से इन गांवों में बमुश्किल तीन से चार घंटे ही बिजली मिल पा रही है। उस पर भी लो वोल्टेज की समस्या। इसके चलते किसान सिंचाई भी नहीं कर पा रहे।
इससे गुस्साए इन गांवों के सैकड़ों ग्रामीणों ने रविवार सुबह करीब साढ़े नौ बजे कंपिल उपकेंद्र का घेराव कर बिजली विभाग के खिलाफ नारेबाजी शुरू कर दी। ग्रामीणों का आक्रोश देख उपकेंद्र पर मौजूद लाइनमैनों ने अंदर से कमरा बंद कर लिया और उच्चाधिकारियों को जानकारी दी। दोपहर करीब डेढ़ बजे अवर अभियंता प्रमोद कुमार उपकेंद्र पर पहुंचे।
इसके बाद लाइनमैन कमरे की कुंडी खोलकर बाहर आए। ग्रामीणों ने जेई से कहा कि 16 मई से तीन-चार घंटे ही बिजली मिल रही है। वोल्टेज इतने कम आ रहे, जिससे ट्यूबवेल व घरेलू बिजली उपकरण भी नहीं चल पा रहे। ट्यूबवेल न चलने से फसलें सूख रही हैं। जेई ने ग्रामीणों को समझाते हुए कहा कि उपकेंद्र पर पुरानी मशीनें लगी हैं, जिससे आपूर्ति में दिक्कत आ रही है। आज शाम तक नई मशीनें आ जाएंगी, जिन्हें लगाकर सोमवार से सुचारू रूप से आपूर्ति दी जाने लगेगी।
जेई के समझाने पर ग्रामीण मान तो गए, लेकिन चेतावनी दी कि बिजली आपूर्ति में सुधार न हुआ तो आंदोलन करने को मजबूर होंगे। ग्रामीणों ने ज्ञापन भी जेई को सौंपा। ज्ञापन पर विपिन कुमार, अनिल कुमार, रामशंकर, गोविंदराम, नेकसेलाल, मोतीलाल और नईम खां आदि के हस्ताक्षर थे।
जेई प्रमोद कुमार ने बताया कि पुरानी मशीनों के चलते आपूर्ति में दिक्कत आ रही है। आज या कल में नई मशीनें मिल जाएंगी, जिसके बाद आपूर्ति सही से दी जाने लगेगी। सैकड़ों ग्रामीणों के घेराव करने से लाइनमैनों ने अंदर से दरवाजा बंद कर लिया था।