फर्रुखाबाद। 12 करोड़ की लागत से बना अमृतपुर के दौलपुर चकई का फायर स्टेशन चालू हो गया है। गेहूं की फसल में आग लगने की सैकड़ों घटनाओं से पीड़ित क्षेत्र के लोगों को अब इसका सीधा लाभ मिलेगा। फायर स्टेशन पर एक एफएसओ, दो चालक व छह फायरमैन की शासन से तैनाती भी कर दी गई है।
गंगापार में हर वर्ष आग की विभीषका का दंश झेलकर लाखों का नुकसान उठाने वाले किसानों को शासन ने राहत देने का काम किया है। सपा सरकार में तत्कालीन पूर्व मंत्री नरेंद्र सिंह यादव ने क्षेत्र के लोगों की मांग पर शासन से गांव दौलतपुर चकई में वर्ष 2016 में फायर स्टेशन स्वीकृत करा दिया था। भाजपा सरकार में पांच मई 2017 से फायर स्टेशन बनने का काम शुरू हो गया। लगभग छह वर्ष में फायर स्टेशन का प्रशासनिक भवन बनकर तैयार हो पाया। कार्यदायी संस्था ने विभाग को प्रशासनिक भवन सौंप दिया। कर्मचारियों के लिए बनाए जा रहे आवास अभी भी अधूरे हैं। पुलिस अधिकारियों ने इसके लिए शासन से बजट की मांग की। बजट मंजूर होने के बाद आवास निर्माण का काम भी तेजी से चल रहा है। कुछ आवास बन भी गए हैं। मुख्य अग्निशमन अधिकारी विजय प्रकाश त्रिपाठी ने डीजी फायर अवनीश चंद्रा से मुलाकात कर कर्मचारियों की तैनाती की मांग की थी। शासन ने एफएसओ लाल सहाय यादव, फायर मैन व चालक समर सिंह, मुनेश कुमार, संदीप कुमार श्रीवास्तव, अभिषेक कुशवाह, विक्रम वीर बहादुर सिंह, सत्येंद्र सिंह व साहुल कुमार की तैनाती दौलतपुर चकई फायर सब स्टेशन पर कर दी। एफएसओ लाल सहाय यादव सहित सभी कर्मचारियों ने फायर स्टेशन पहुंचकर योगदान आख्या दे दी है।
फायर स्टेशन को संचालित करने के लिए मुख्यालय से एक दमकल की बड़ी गाड़ी, एक पंपिग सेट के साथ छोटी गाड़ी, उपकरण व सीढ़ी सहित अन्य सामान उपलब्ध करा दिया गया है। सब स्टेशन पर कार्यालय संचालित होने लगा है।
अम़ृतपुर क्षेत्र में गर्मी के मौसम में गेहूं के खेत में आग की एक सैकड़ा से अधिक छोटी व बड़ी घटनाएं होती थीं। मुख्यालय से सूचना मिलने पर दमकल जब तक मौके पर पहुंचती, तब तक किसान की फसल राख में तब्दील हो जाती थी। इसके चलते किसानों का लाखों रुपये का नुकसान हो जाता था। ऐसे में सब स्टेशन चालू होने से क्षेत्र के लोगों काे इसका सीधा लाभ होगा।
दौलतपुर चकई सब स्टेशन चालू हो गया है। यहां पर एफएसओ सहित कर्मचारियों की तैनाती भी कर दी गई है। सब स्टेशन चालू होने से क्षेत्र की जनता को इसका लाभ मिलेगा।
- विजय प्रकाश त्रिपाठी, मुख्य अग्निशमन अधिकारी