फर्रुखाबाद। शमसाबाद में शुक्रवार को दशहरा पर्व धूमधाम से मनाया गया। श्रीराम और रावण सेना के बीच भीषण युद्घ को देखने के लिए रामलीला मैदान में दर्शकों की भीड़ उमड़ी। श्रीराम ने जैसे ही रावण का वध किया वैसे ही मैदान जय श्रीराम के उद्घोष से गूंज उठा। इस दौरान बच्चों ने मेला का जमकर लुत्फ उठाया।
ब्लाक शमसाबाद क्षेत्र स्थित लंका का मैदान रामलीला ग्राउंड में रावण का 30 फीट और मेघनाद का 25 फीट का पुतला और सोने की लंका बनाई गई थी। रावण दहन को देखने के लिए दोपहर से ही हजारों लोग रामलीला मैदान पहुंचने लगे। इस दौरान गुमटी महादेव मंदिर से राम और रावण की सेना युद्घ करती हुई रामलीला ग्राउंड पहुंची। यहां चेयरमैन विजय गुप्ता, श्री रामलीला कमेटी के अध्यक्ष पेशकार यादव, झांकी मंडल अध्यक्ष रामकुमार गुप्ता ने राम, लक्ष्मण व हनुमान समेत सभी स्वरूपों की आरती उतारी। इसके बाद राम और रावण का भीषण युद्घ हुआ। विभीषण के बताए जाने पर श्रीराम ने जैसे ही रावण की नाभि में अग्नि बाण मारा वह धराशायी हो गया। रावण का वध होते ही जय श्रीराम के उद्घोष गूंजने लगे। इसके बाद रावण और मेघनाद के पुतलों और लंका को आग के हवाले कर दिया गया। पुतलों और लंका के बीच जल रही सतरंगी आतिशबाजी देखते ही बन रही थी। इस अवसर पर अरुण भारद्वाज, राजू गुप्ता, मयंक रस्तोगी, अरविंद गुप्ता, शीतल चौबे, आनंद प्रकाश चौबे, विनोद कुमार, रामू सैनी, गौरव सक्सेना, अवधेश पांडेय और महेश रस्तोगी आदि मौजूद रहे। शाम को मंचन से पहले गुमटी महादेव मंदिर से ही भव्य शोभायात्रा निकाली गई। शोभायात्रा में नौ देवी, राधा-कृष्ण, शंकर-पार्वती समेत 18 झांकियां शामिल थीं। मुख्य बाजार में सिद्घ विनायक समिति ने शोभायात्रा का पुष्पवर्षा कर स्वागत किया।
असत्य पर सत्य की विजय के साथ फुंका रावण
कायमगंज। कसबे में शुक्रवार को रावण दहन किया गया। असत्य पर सत्य की विजय के प्रतीक विजया दशमी के पर्व पर मंडी समिति परिसर में भगवान राम के रावण की नाभि में तीर मार कर धराशायी करते ही दर्शक श्रीराम का उदघोष कर उठे।
श्री रामलीला समिति के तत्वावधान में दशहरा मेले का आयोजन मंडी समिति परिसर में किया गया। युद्ध मैदान में राम और रावण की सेनाओं ने जमकर युद्ध किया। विभीषण ने राम को बताया कि रावण की नाभि में अमृत है। इतना सुनते ही राम ने रावण की नाभि में बाण मार दिया। इससे रावण धराशायी हो गया। राम ने रावण के अलावा कुुं भकरण और मेघनाथ के पुतलों को भी आग के हवाले कर दिया। राम ने लंका में जाकर विभीषण का राज्याभिषेक किया। पुतलों के जलने के बाद अलीगंज, एटा, और नगर के आतिशबाजों ने अपनी आतिशबाजी का प्रदर्शन किया। इसे देखने के लिए देर शाम तक दर्शकों की भीड़ जमी रही। कमेटी के अध्यक्ष चंद्र प्रकाश अग्रवाल पिक्को बाबू, गिरीश चंद्र अग्रवाल, सत्य प्रकाश अग्रवाल, मिथलेश अग्रवाल, मनोज कौशल, अनिल अग्रवाल, शंभू दयाल कौशल, लक्ष्मी नरायन अग्रवाल, मोनिका अग्रवाल, पियूष अग्रवाल, पवन गुप्ता, उमेश गुप्ता, संजय गुप्ता, हरेराम अग्रवाल, सत्य प्रकाश गुप्ता, मुन्ना लाल गुप्ता आदि ने भगवान की आरती उतारी।
आंधी में ध्वस्त हुआ रामलीला का पंडाल
कायमगंज। बीती शाम आई आंधी पानी में रामलीला का पंडाल गिरने से गुरुवार को रामलीला नहीं हो सकी। आयोजकों ने बताया कि शनिवार को रामलीला का समापन होगा।
गुरुवार शाम आई आंधी पानी में सीपी ग्राउंड पर चल रही रामलीला का पंडाल धराशायी हो गया। इससे गुरुवार को रामलीला का मंचन नहीं हो सका। रामलीला देखन दर्शकों की भीड़ मैदान में पहुंची, लेकिन मंचन न होने के कारण यह मायूस होकर लौट गए। रामलीला के प्रबंधक प्रमोद भारद्वाज ने बताया कि पंडाल के पूरी तरह गिर जाने के कारण शनिवार को राम के राज्याभिषेक के साथ लीला का समापन होगा।