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Farrukhabad News: चेतावनी बिंदु से 20 सेमी. ऊपर गंगा, 20 गांवों में घुसा पानी

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अमृतपुर। गंगा का जलस्तर बढ़कर चेतावनी बिंदु से 20 सेंटीमीटर ऊपर पहुंच गया है। इससे निकटवर्ती 20 गांवों में बाढ़ का पानी घुसने के ग्रामीणों की दिक्कतें बढ़ गई हैं। पुलिया निर्माण पूरा न हो पाने से ग्रामीणों को आवागमन के लिए नाव का ही सहारा है।
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पहाड़ों पर बारिश होने से गंगा के जलस्तर में फिर लगातार वृद्धि होने लगी है। जलस्तर के उतार चढ़ाव से गांवों में भी पानी भरने व निकलने का सिलसिला जारी है। रविवार को गंगा का जलस्तर 136.80 मीटर पर पहुंच गया, जो चेतावनी बिंदु 136.60 मीटर से 20 सेमी. ऊपर है। खतरे का निशान 137.10 मीटर पर है।
जलस्तर बढ़ने से गंगा के तटवर्ती गांव बमियारी, अमीराबाद, आशा की मड़ैया, तीसराम की मड़ैया, हरसिंहपुर कायस्थ, ऊगरपुर, सुंदरपुर, कछुआ गाढ़ा, सैदापुर, करनपुर घाट, कंचनपुर सबलपुर, रामपुर, जोगराजपुर, माखन नगला, रामप्रसाद नगला, अंबरपुर आदि गांव में बाढ़ का पानी भर गया है। चित्रकूट डिप के पास पानी पहुंचने से ग्रामीणों को परेशानी होने लगी है।
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ग्रामीणों का कहना है कि गंगा का जलस्तर घटना और फिर बढ़ना खतरे की चेतावनी है। गत वर्ष भी इसी तरह से गंगा नदी में बाढ़ आई थी। इससे ग्रामीण दो माह तक बाढ़ से त्रस्त रहे थे। गांव व रास्ते में अधिक दिनों तक बाढ़ का पानी भरे रहने से समस्या बढ़ेगी। रामगंगा का जलस्तर 134.85 मीटर से पांच सेमी. कम होकर 134.80 मीटर पर आ गया है। खो हरेली रामनगर बैराज से 13430 क्यूसेक पानी छोड़ा गया है।

शाहजहांपुर-शमशाबाद मार्ग पर भरा बाढ़ का पानी
शमसाबाद। गंगा का जलस्तर बढ़ने से शाहजहांपुर-शमशाबाद मुख्य मार्ग पर बाढ़ का पानी बाढ़ भर गया है। इससे आवागमन भी बाधित हो रहा है। कई गांव के रास्तों में पानी भरने से ग्रामीणों का संपर्क टूट गया है। क्षेत्र के गांव कमथरी व समैचीपुर के रास्तों पर पानी भरा होने से ग्रामीण नाव से आवागमन कर रहे हैं। बाढ़ के पानी से कई गांव घिरे हैं। प्राथमिक विद्यालय परिसर में पानी भरने से बच्चों की पढ़ाई भी बाधित है। गांव कटरी तौफीक में गंगा का कटान होने से लोग घरों से सामान निकालकर नाव से सुरक्षित स्थानों पर पहुंचा रहे हैं। संविलियन विद्यालय में भी पानी भर गया है। इससे ग्रामीणों की दिक्कतें बढ़ गई हैं। (संवाद)
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