आयुष्मान योजना के लाभार्थी का इलाज पूरा किए बिना ही पैकेज पूरा होने पर डिस्चार्ज करने के मामले में शुक्रवार को अस्पताल को नोटिस दिया गया है। तीन दिन में इसका जवाब दिया जाना है। मामले की शिकायत राज्य स्तर के अधिकारियों की गई है।
आयुष्मान योजना में सभी बीमारियों के अलग-अलग पैकेज निर्धारित हैं। इसी के अंतर्गत लाभार्थियों को अस्पताल में भर्ती किया जाता है। प्रत्येक पैकेज में दिन भी निर्धारित हैं। उतने ही दिन मरीज को अस्पताल में भर्ती रखा जाता है।
करीब दो माह पहले शहर के मोहल्ला नुनहाई निवासी महिला शिवरानी अपनी इकलौती बेटी रोली फतेहगढ़ स्थिति दास सर्जिकल होम में इलाज करवाने गई थी। वहां पर डाक्टर ने उसका इलाज शुरू कर ऑपरेशन कर दिया।
लेकिन उसकी हालत में सुधार नहीं हुआ। इसके बावजूद पांच दिन बाद पैकेज पूरा हो जाने पर महिला को डिस्चार्ज कर दिया गया। कुछ ही दिन बाद उसकी हालात बिगड़ गई। पूरे शरीर में हर जगह कीड़े पड़ गए। शरीर से बदबू आने लगी।
इसके बाद उसे आवास विकास कॉलोनी स्थिति द केयर अस्पताल में भर्ती कराया गया। इस खबर को अमर उजाला ने प्रमुखता से प्रकाशित किया। इसके बाद आयुष्मान योजना के जिला समन्वयक अभय प्रताप सिंह और जिला प्रोग्राम कोआर्डिनेटर डा. अमित मिश्रा ने मामले की जांच शुरू की थी।
अब शुक्रवार को इस मामले में अस्पताल को नोटिस दिया गया है। इसमें अस्पताल संचालक से तीन दिन में जवाब मांगा गया है। साथ ही अस्पताल के लापरवाही बरतने की शिकायत राज्य स्तर पर भी की गई है।
जिला प्रोग्राम कोआर्डिनेटर डा. अमित मिश्रा ने बताया कि अस्पताल को नोटिस भेज दिया गया है। राज्य स्तर पर अधिकारियों को मामले की सूचना दी गई है। जल्द ही इस मामले में कार्रवाई की जाएगी।
इलाज में लापरवाही करने वाले नर्सिंग होम को नोटिस
तीन दिन में देना है जवाब, राज्य स्तर पर की गई दास सर्जिकल की शिकायत