फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

यूपी बोर्ड परीक्षा: जिला समिति ने 11 केंद्र काटे और आठ केंद्र नए बनाए

विज्ञापन
विज्ञापन
फर्रुखाबाद। यूपी बोर्ड 2019 की परीक्षा के लिए माध्यमिक शिक्षा परिषद से प्रस्तावित 63 परीक्षा केंद्रों पर जिला स्तर पर आपत्तियां लेकर समिति ने निस्तारित की। एसडीएम की जांच रिपोर्ट के आधार पर जिला स्तरीय कमेटी ने सूची से 11 स्कूलों के नाम परीक्षा केंद्र से काट दिए है। नए आठ इंटर कालेजों को परीक्षा केंद्र बनाया गया है। काटे गए स्कूलों में कुछ दागी परीक्षा केंद्र भी हैं। अब 61 परीक्षा केंद्रों की सूूची रह गई है। जिसके अनुमोदन के लिए माध्यमिक शिक्षा परिषद को सूची भेज दी गई है।
विज्ञापन


यूपी बोर्ड परीक्षा के लिए प्रस्तावित 63 परीक्षा केंद्रों पर आपत्तियां ली गई थी। इसमें मोहन लाल शुक्ला और कन्या विद्यापीठ के प्रबंधक और प्रधानाचार्य ने परीक्षा कराने में असमर्थता जाहिर की थी। इसके अलावा करीब 40 आपत्तियां आई थी। जिनकी सुनवाई जिला स्तरीय समिति ने डीएम की अध्यक्षता में की। डीएम ने प्रस्तावित परीक्षा केंद्रों का एसडीएम के माध्यम से सत्यापन कराया। एसडीएम की रिपोर्ट आने पर जिलाधिकारी के आदेश पर शहर के एमआईसी फतेहगढ़, ग्रामीण क्षेत्र का आदर्श भारतीय इंटर कालेज नगला घुरूआ, प्रेम विद्यालय इंटर कालेज रैसेपुर, अमर ज्योति गनुआ गलारपुर, योगेंद्र सिंह हृदेश कुमारी इंटर कालेज चित्रकूट, कन्या विद्यापीठ, मोहन लाल शुक्ला इंटर कालेज, जनता हाई सेकेंडरी कुआंखेड़ा, देव स्वरूप इंटर कालेज मदनपुर, द्वारिका सिंह कलावती इंटर कालेज हमीरखेड़ा का नाम परीक्षा केंद्र की सूची से काट दिया गया है।

इनके स्थान पर राष्ट्रीय जनता इंटर कालेज फतेहगढ़, फिरोज गांधी इंटर कालेज कमालगंज, भारतीय इंटर कालेज महेश नगर, राजेंद्र सिंह इंटर कालेज नवाबगंज, शांती देवी रघुराज सिंह इंटर कालेज कुवेरपुर, सीपीवीएन इंटर कालेज कायमगंज, रखा इंटर कालेज फतेहगढ़ और क्रिश्चियन इंटर कालेज फर्रुखाबाद को परीक्षा केंद्र बनाने को सूची में शामिल किया गया है। जिला विद्यालय निरीक्षक कमलेश बाबू ने बताया कि जिन प्रस्तावित परीक्षा केंद्रों के नाम काटे गए है। उनमेें कुछ केंद्र दागी थी और कुछ के खिलाफ शिकायतें थी। अब केंद्रीय कारागार को मिलाकर 61 परीक्षा केंद्र रह गए हैं। इनको परीक्षा केंद्र बनाने के लिए माध्यमिक शिक्षा परिषद को सूची भेजी जाएगी।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें