फर्रुखाबाद। जिले में बनाए गए अस्थायी गोवंश आश्रय स्थलों में बंद मवेशियों के चारे की व्यवस्था के लिए शासन से आए धन आवंटन की प्रक्रिया शुरू हो गई। इसके लिए आश्रय स्थलों का सत्यापन शुरू कर दिया गया। शासन की गाइड लाइन के अनुसार एक मवेशी के लिए 30 रुपये प्रति दिन के हिसाब से धनराशि दी जाएगी।
शासन से आश्रय स्थलों में बंद गोवंश के चारा-पानी आदि के लिए एक करोड़ रुपये भेजे गए थे। मंगलवार को धनराशि आवंटन के लिए गाइड लाइन जारी की गई। इसमें मुख्यालय से तहसील व ब्लाक होते हुए यह धनराशि ग्राम पंचायत तक पहुंचेगी। तहसील स्तर के खाते का संचालन तहसीलदार, एसडीएम व डिप्टी सीवीओ द्वारा संयुक्त रूप से किया जाएगा। यहां से ब्लाकों में धनराशि भेजी जाएगी। ब्लाक खाते का संचालन बीडीओ व क्षेत्रीय पशु चिकित्साधिकारी करेंगे। जबकि ब्लाक से ग्राम पंचायत स्तर के अस्थायी गोवंश आश्रय स्थल के खातों में धनराशि हस्तांतरित होगी। जिसे प्रधान व सेक्रेटरी के संयुक्त हस्ताक्षर से आहरित किया जा सकेगा।
मुख्य पशु चिकित्साधिकारी डॉ. राजकिशोर सिंह ने बताया कि शासन से गाइड लाइन आने के बाद धन आवंटन की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। ग्रामपंचायत स्तर के आश्रय स्थलों का सत्यापन कराया जा रहा है। पशुओं की संख्या के अनुसार धन आवंटित किया जाएगा। जबकि नगरपालिका व नगर पंचायत के आश्रय स्थलों में बंद मवेशी की संख्या के अनुसार मांगपत्र आने पर धन आवंटन होगा। शासन की गाइड लाइन के अनुसार एक मवेशी की 30 रुपये प्रति दिन खुराक निर्धारित की गई है।