शमसाबाद। अलेपुरपीत धौलेश्वर में बुखार से बुधवार की रात अधेड़ की मौत हो गई। इसके साथ ही गांव में बुखार से होने वाली यह दसवीं मौत है। बुखार से गांव में लगातार मौतों से ग्रामीण दहशत में है।
उधर, सीएचसी प्रभारी ने कहाकि ग्रामीण की बुखार से मौत कि मौखिक सूचना मिली है। गांव में स्वास्थ्य टीम भेजी जाएंगी।
शमशाबाद ब्लॉक क्षेत्र का गांव अलेपुरपीत धौलेश्वर एक महीने से संक्रमण रोगों से ग्रसित है। गांव में स्वास्थ्य विभाग की टीम ने करीब 10 दिन पहले दवा बांटने की औपचारिकता पूरी की थी। इस बीच बुधवार को उजागर सिंह (55) पुत्र नंदराम की बुखार से मौत हो गई।
पत्नी कमला ने बताया कि वह कई दिन से बुखार से पीड़ित थे। बुधवार रात तेज बुखार के साथ बदन में दर्द होने लगे। इलाज के लिए फर्रुखाबाद ले जाया जा रहा था कि रास्ते में उन्हाेंने दम तोड़ दिया। पति की मौत के कमला, बेटे विगम और उपेंद्र का बुरा हाल है।
गांव में बुखार से अब तक 10 लोगों की मौत हो चुकी है। अभी भी बड़ी संख्या में लोग बीमारी की चपेट में हैं। सीएचसी शमशाबाद के प्रभारी डॉ. धन सिंह का कहना है कि मौखिक सूचना दी गई थी, किसी ने लिखित सूचना नहीं दी। फिर भी स्वास्थ्य टीम गांव भेजकर मरीजों की जांच कराकर दवाएं बांटी जाएंगी। प्रधान के सहयोग से दवा का छिड़काव भी कराया जाएगा।
गांव में नालियां चोक, लगे कूड़े के ढेर
शमसाबाद। अलेपुरपीत धौलेश्वर में बीमारियों से लगातार मौतों के बावजूद प्रशासन चेत नहीं रहा है। गांव में जगह-जगह गंदगी के ढेर लगे हैं। गलियों में नालियों का पानी बह रहा है। जिससे संक्रमित बीमारियों के फैलने की ज्यादा आशंका है। गांव के सर्वेश कुमार, अजय पाल, मनीष कुमार और राकेश कुमार आदि ने बताया कि करीब एक महीने से सफाई कर्मी गांव नहीं आया है। सफाई न होने से नालियां चोक हो गई हैं। गंदा पानी रास्तों के ऊपर से बह रहा है। प्रधान सरला देवी ने बताया गांव में पांच सफाईकर्मी तैनात हैं। ग्राम पंचायत में कई मजरे हैं, इसलिए ठीक से सफाई नहीं हो पा रही है। जल्द ही पूरे गांव में अभियान चलाकर सफाई कराई जाएगी।
सीएमओ ने किया निरीक्षण
शमसाबाद (ब्यूरो)। सीएमओ डॉ. यूके पांडे ने गुरुवार को सीएचसी शमशाबाद का निरीक्षण किया। मुख्य गेट पर वाहन खड़े थे। प्रभारी चिकित्साधिकारी डॉ धनसिंह को वाहन पार्किंग में खड़ा कराने को कहा। सीएमओ ने बताया कि पहाड़पुर तथा फरीदपुर मंगलीपुर टीकाकरण शुरू करा दिया है। प्रधान के माध्यम से लोगों को टीकाकरण के लिए जागरूक किया जाएगा।
- एक महीने में गांव में जा चुकी है दस लोगों की जान
- गांव में बड़ी संख्या में लोग बीमारियों की चपेट में
अमर उजाला ब्यूरो