अफसरों की लापरवाही से कांशीराम कालोनी की जांच लटकी
डेढ़ साल से ईओ ने शुरू नहीं कराई जांच
पीओ डूडा बोले, तहसीलदार करेंगे जांच
तहसीलदार ने कहा जांच का आदेश नहीं मिला
अमर उजाला ब्यूरो
फर्रुखाबाद।
कांशीराम कालोनी हैवतपुर गढ़िया में अराजकतत्वों के डेरा जमा लेने में जिले के अफसरों की लापरवाही भी कम जिम्मेदार नहीं है। इसका अंदाजा इसी से लगाया जा सकता है कि तत्कालीन जिलाधिकारी के आदेश के बावजूद नगर पालिका प्रशासन ने आज तक कालोनी में अपात्रों की जांच नहीं कराई। वहीं मौजूदा डीएम के कालोनी जांच के आदेश का पालन भी नहीं हो रहा है। पीओ जहां तहसीलदार सदर के पाले में कालोनी की जांच कराए जाने की गेंद डाल रहे हैं। वहीं तहसीलदार का कहना है कि उनके पास कालोनी की जांच कराने का कोई पत्र नहीं आया है।
कांशीराम कालोनी हैवतपुर गढ़िया में 1296 आवास बने हैं। इनमें से अधिकतर आवासों में अपात्रों का कब्जा है। कई आवास अराजकतत्वों ने किराए पर ले रखे हैं, जिनमें वह अवैध धंधे धड़ल्ले से कर रहे हैं। इस कालोनी को नगर पालिका के हैंडओवर कर दिया गया है। गरीबों की शिकायत पर तत्कालीन जिलाधिकारी कर्ण सिंह चौहान ने ईओ नगर पालिका को जांच के आदेश दिए थे लेकिन डेढ़ साल बाद भी अभी तक उन्होंने कालोनी की जांच शुरू नहीं कराई है। ईओ रोली गुप्ता कहती हैं कि पालिका में स्टाफ की कमी है। इसके चलते जांच नहीं करा पा रही हैं।
उधर, जिलाधिकारी रविंद्र कुमार ने पीओ डूडा अतुल यादव को आदेश दिए थे कि कांशीराम कालोनी की जांच कर अपात्रों को बाहर करें लेकिन उन्होंने भी जांच शुरू नहीं की। पीओ अतुल यादव ने बताया कि कांशीराम कालोनी की जांच तहसीलदार सदर को करनी है। उधर, तहसीलदार सदर राजीव निगम ने बताया कि अभी तक उन्हें कांशीराम कालोनी की जांच कराने का कोई आदेश पत्र नहीं मिला है। आदेश मिलते ही वह कांशीराम कालोनी की जांच शुरू कराएंगे।
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बोले जिम्मेदार
कांशीराम कालोनी हैवतपुर गढ़िया की जांच में कहां लापरवाही बरती जा रही है। इसे वह दिखवाएंगे। जल्द ही कांशीराम कालोनी हैवतपुर गढ़िया की जांच शुरू कराई जाएगी।
रविंद्र कुमार (जिलाधिकारी)